बलरामपुर। देहात कोतवाली क्षेत्र में बेलहा डिप के पास नेशनल हाईवे पर बुधवार दोपहर कुंड में कार गिरने से डूबे रेलवे कर्मचारी राहुल का शव गुरुवार सुबह पानी में उतराता मिला। जबकि राहुल के साथी रेलकर्मी पवन कुमार पाठक का शव बुधवार को हादसे के बाद एसडीआरएफ की टीम ने ढूंढ निकाला था। पुलिस ने गुरुवार को दोनों रेलकर्मियों का पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिए। रेलवे के उच्चाधिकारियों ने बलरामपुर पहुंचकर घटना का जायजा लिया और मृतक कर्मचारियों के परिजनों को 25-25 हजार रुपये की अहेतुक सहायता उपलब्ध कराई।
महराजगंज तराई थाना क्षेत्र के ग्राम सिसहनिया निवासी पवन कुमार पाठक (26) बलरामपुर रेलवे स्टेशन पर तैनात पंप चालक पद पर तैनात थे। वह शहर के पहलवारा मोहल्ले में किराए के मकान में परिजनों संग रहते थे। बुधवार को पवन अपने साथी व गेट संख्या 138-बी विशुनापुर रेलवे क्रॉसिंग पर तैनात गेटमैन राहुल (30) निवासी सेक्टर एच, जानकीपुरम लखनऊ के साथ किसी काम से तुलसीपुर गए थे। लौटते समय देहात कोतवाली क्षेत्र में नेशनल हाईवे पर बेलहा डिप के पास पवन की कार बेकाबू होकर पानी से लबालब कुंड में गिर गई थी।
हादसे के बाद एसडीआरएफ टीम ने क्रेन व स्थानीय लोगों की मदद से कार कुंड से निकाली तो उसके सभी शीशे टूटे मिले। इसके बाद सर्च ऑपरेशन शुरू हुआ तो कुछ देर में ही पवन का शव पानी में मिल गया था। रात करीब आठ बजे अंधेरे के साथ ही तेज बारिश के चलते एसडीआरएफ टीम ने सर्च ऑपरेशन रोक दिया था। गुरुवार सुबह एसडीआरएफ टीम दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू करने पहुंची तो राहुल का शव पानी में उतराता मिल गया। इस पर शव निकलवाकर देहात कोतवाली पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
3/437 सेक्टर एच, जानकीपुरम, लखनऊ के रहने वाले राहुल के परिजन हादसे की खबर पाकर देर रात बलरामपुर पहुंच गए थे। पूरी रात परिवार के लोग व रिश्तेदार कुंड के पास ही बिखलते रहे। बलरामपुर रेलवे स्टेशन अधीक्षक पुरुषोत्तम सोमवंशी ने बताया कि राहुल के पिता उमानाथ ने दो साल नौकरी शेष रहते ही सेवानिवृत्ति लेकर रेलवे की स्कीम के तहत गेटमैन के पद पर बेटे की तैनाती कराई थी। बेटे का शव देख पिता समेत परिवारीजन बिलख पड़े। पोस्टमार्टम के बाद घरवाले राहुल का शव लेकर लखनऊ चले गए। जहां उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। वहीं, पवन के परिजनों ने बलरामपुर में राप्ती के सिसही घाट पर उसका अंतिम संस्कार किया।
हादसे में दो रेल कर्मचारियों की मौत की खबर मिलते ही पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के कल्याण अधिकारी जुनैद अहमद तथा गोंडा लूप लाइन के यातायात निरीक्षक लोकेश कुमार दुबे बुधवार देर रात बलरामपुर पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने बलरामपुर रेलवे स्टेशन अधीक्षक पुरुषोत्तम सोमवंशी के साथ घटनास्थल पर पहुंचकर मामले की जानकारी ली। इन अधिकारियों ने दोनों मृत रेलकर्मियों के परिजनों से मुलाकात कर अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को 25-25 हजार रुपये की तात्कालिक सहायता राशि उपलब्ध कराई। उच्चाधिकारियों ने बताया कि मृत रेलकर्मियों के परिजनों को शीघ्र ही मृतक आश्रित कोटे के तहत नौकरी दी जाएगी।