बलरामपुर। निकाय चुनाव में वार्डों के आरक्षण का प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। 96 वार्डों में से 50 प्रतिशत वार्ड पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के पुरुष व महिलाओं के लिए आरक्षित करने का प्रस्ताव किया गया है। शासन से स्वीकृति मिलने के बाद आरक्षण सूची पर जन सामान्य से आपत्तियां ली जाएंगी। आपत्तियों का निस्तारण करने के बाद फिर से आरक्षण सूची शासन को भेजी जाएगी। अंतिम रूप से स्वीकृत सूची के आधार पर निकाय चुनाव कराए जाएंगे।
एडीएम न्यायिक ज्योति गौतम ने बताया कि निकाय चुुनाव के लिए 96 वार्डों के आरक्षण का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। प्रस्तावित सूची के आधार पर आरक्षण के संबंध में शासन स्तर से ही निर्णय लिया जाना है। शासन द्वारा निर्धारित मानक के अनुसार 27 प्रतिशत वार्ड पिछड़ा वर्ग, 21 प्रतिशत वार्ड अनुसूचित जाति एवं दो प्रतिशत वार्ड अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित होने हैं। सभी वर्गों में एक तिहाई वार्ड महिलाओं के लिए आरक्षित होंगे।
इस आधार पर पिछड़ा वर्ग पुरुष के लिए 17 व महिला के लिए नौ, अनुसूचित जाति पुरुष के लिए 13 व महिला के लिए सात तथा अनुसूचित जनजाति पुरुष व महिला के लिए एक-एक वार्ड आरक्षित होने की संभावना है। इसी तरह सामान्य वर्ग पुरुष के लिए 32 व महिला के लिए 16 वार्ड तय किए जा सकते हैं।
एडीएम ने बताया कि शासन से स्वीकृति मिलने के बाद जन सामान्य से आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी। आपत्तियों का निस्तारण करने के बाद एक बार फिर आरक्षण सूची शासन को भेजी जाएगी। शासन द्वारा अंतिम रूप से स्वीकृत सूची के आधार पर वार्डों का आरक्षण जारी किया जाएगा। आरक्षण सूची जारी होने के बाद उसी आधार पर चुनाव कराए जाएंगे।
जिले की दो नगर पालिका तथा तीन नगर पंचायतों में कुल 96 वार्ड बनाए गए हैं। बलरामपुर व उतरौला नगर पालिका परिषद में पूर्व की भांति 25-25 वार्ड हैं। पचपेड़वा में सीमा विस्तार के बाद चार नए वार्ड गठित हुए हैं। यहां अब वार्डों की संख्या बढ़कर 16 हो गई है। तुलसीपुर में सीमा विस्तार के बावजूद वार्डों की संख्या में कोई परिवर्तन नहीं हुआ है। यहां पहले की तरह कुल 15 वार्डों के लिए चुनाव होना है। नवगठित गैसड़ी नगर पंचायत में भी 15 वार्ड बनाए गए हैं।
एडीएम न्यायिक डॉ. ज्योति गौतम ने बताया कि गणितीय गणना के तहत वार्डों के आरक्षण का प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। जनसंख्या व चक्रानुक्रम के अनुसार वार्डों का आरक्षण होना है। इस बार नई नगर पंचायत के रूप में गैसड़ी नगर पंचायत का गठन हुआ है। ऐसे में वहां पहली बार निकाय चुनाव होना है। यहां जनसंख्या के आधार पर ही वार्डों का आरक्षण तय किया जाएगा।