बलरामपुर। सिटी मांटेसरी इंटर कॉलेज में बुधवार को जागरूकता गोष्ठी का आयोजन किया गया। स्वास्थ्यकर्मियों ने छात्र-छात्राओं को टीबी फैलने के कारण, लक्षण व बचाव की जानकारी देते हुए साल 2025 तक भारत को टीबी से मुुक्त करने का संकल्प दिलाया।
कोऑडिनेटर सुमित साहू ने कहा कि दो हफ्ते से अधिक समय तक लगातार खांसी, बुखार, भूख न लगना व लगातार वजन कम होना टीबी के लक्षण हैं। किसी में भी ऐसे लक्षण दिखने पर तत्काल उसके बलगम की जांच कराएं। अस्पतालों में टीबी की जांच व उपचार मुफ्त होता है।
हेल्थ विजिटर सुरेश कुमार ने कहा कि पौष्टिक आहार लेने के लिए टीबी मरीजों का प्रतिमाह 500 रुपये दिए जाते हैं, जिससे मरीज जल्दी स्वस्थ हो सकें। एसटीएलएस सूर्य मणि त्रिपाठी, प्रधानाचार्य केपी यादव ने भी विचार व्यक्त किए। इधर, क्षय रोग चिकित्सालय में आयोजित बैठक में 24 मार्च को मनाए जाने वाले विश्व टीबी दिवस की तैयारियों पर चर्चा की गई।