बलरामपुर के गनेशपुर स्थित लाइफ टाइम हेल्थ केयर सेंटर को सील करवाती स्वास्थ्य विभाग की टीम।
पचपेड़वा (बलरामपुर)। मुख्य चिकित्साधिकारी के निर्देश पर जिले भर में निजी चिकित्सालयों के खिलाफ जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रविवार को पचपेड़वा क्षेत्र के दो निजी चिकित्सालयों का निरीक्षण किया। इस दौरान यूनानी चिकित्सक द्वारा एलोपैथी पद्धति से मरीज का इलाज करते पाए जाने पर लाइफ टाइम हेल्थ केयर एंड फ्रैक्चर सेंटर को सील कर दिया गया।
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी, एसीएमओ डॉ. एसके श्रीवास्तव व सीएचसी पचपेड़वा के अधीक्षक डॉ. विजय कुमार के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रविवार को पचपेड़वा के एसके हाॅस्पिटल का निरीक्षण किया। अस्पताल में साफ-सफाई न होने व स्वास्थ्य सेवाएं व्यवस्थित न होने पर नाराजगी जताते हुए सीएमओ ने संचालक को नोटिस दिया है।
वहीं, पचपेड़वा के गनेशपुर स्थित लाइफ लाइन हेल्थ केयर एंड फ्रैक्चर सेंटर में निरीक्षण के समय यूनानी चिकित्सक द्वारा एलोपैथी पद्धति से मरीज का इलाज करने, मरीज भर्ती करने और प्रसव कराने का मामला सामने आया। अस्पताल में कोई भी यूनानी दवा नहीं मिली। इसपर सीएमओ के निर्देशानुसार लाइफ लाइन हेल्थ केयर एंड फ्रैक्चर सेंटर को सील कर दिया गया। भविष्य में अस्पताल खुला पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
बलरामपुर के गनेशपुर स्थित लाइफ टाइम हेल्थ केयर सेंटर को सील करवाती स्वास्थ्य विभाग की टीम।