गोंडा। महिला और उसके बच्चों को भरण पोषण की बकाया राशि ढाई लाख रुपये देने से इन्कार करने पर अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय ने पति को एक माह के लिए जेल भेज दिया है।
करनैलगंज के ग्राम जयसिंह पुरवा मौजा सर्वांगपुर निवासी यासमीन बेगम ने साल 2017 में पति मीर मोहम्मद पर मुकदमा दर्ज कराया था। भरण पोषण के लिए राशि दिलाने की याचना की थी। न्यायालय ने 14 जुलाई 2020 को निर्णय सुनाते हुए मीर मोहम्मद को पत्नी और बच्चों के भरण पोषण के लिए प्रतिमाह सात हजार रुपये देने का आदेश दिया था, लेकिन वह आनाकानी करता रहा और 21 अक्टूबर 2020 तक उस पर दो लाख 56 हजार रुपये बकाया हो गया।
यासमीन के अधिवक्ता केके द्विवेदी ने बताया कि यासमीन के प्रार्थना पत्र पर वसूली के लिए न्यायालय ने रिकवरी वारंट जारी किया तो मीर मोहम्मद अदालत में हाजिर हुआ, लेकिन उसने बकाया राशि देने से इन्कार कर दिया। अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय हरेंद्र कुमार ओझा ने मीर को एक माह के लिए जेल भेज दिया। साथ ही जेल अधीक्षक को आदेश दिया कि बकाया राशि 2.56 लाख रुपये अदा करने पर मीर मोहम्मद को रिहा कर दिया जाए।