बलरामपुर। रेहरा जंगल गांव में सोमवार को तेंदुए के हमले में एक बालिका की मौत के बाद वन विभाग की टीम सक्रिय हो गई है। गांव में दो पिंजड़े और चार ट्रैकिंग कैमरे लगाए गए हैं। वनकर्मी मौके पर कैंप कर लोगों को एहतियात बरतने की सलाह दे रहे हैं।
सोमवार को रेहरा निवासी सदानंद यादव की 11 वर्षीय पुत्री सुनीता तेंदुए के हमले में घायल हो गई थी। अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई थी। वन क्षेत्राधिकारी कोटेश त्यागी ने बताया कि तेंदुए को पकड़ने के लिए दो पिंजड़े लगा दिए गए हैं। गांव के आसपास चार ट्रैकिंग कैमरे भी लगाए गए हैं। वन विभाग की टीम सर्च अभियान चला रही है।
वहीं, प्रभागीय वनाधिकारी डॉ. सेम्मारन ने बताया कि भांभर रेंज के वनकर्मी ग्रामीणों को झुंड में चलने, हांका लगाने व बच्चों को घर से अकेले नहीं निकलने देने के लिए जागरूक कर रहे हैं। कई टीमें लगातार पेट्रोलिंग कर रही हैं।