बलरामपुर। जिले में शीतलहर का कहर जारी है। कई दिन से बर्फीली हवा व गलन से लोग ठिठुर रहे हैं। संयुक्त जिला अस्पताल में शनिवार को बेन हैमरेज के एक मरीज की इलाज के दौरान मौत हो गई। डॉक्टरों ने मौसम को देखते हुए सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
शंकरपुर गांव निवासी महेश (40) को ब्रेन हैमरेज होने पर संयुक्त जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। डॉ. नितिन व डॉ. आरके वर्मा ने महेश का प्राथमिक उपचार कर हालत गंभीर बताते हुए बहराइच रेफर कर दिया। जब तक महेश को बहराइच ले जाया जाता उसकी मौत हो गई। फिजीशियन डॉ. आरके वर्मा का कहना है कि कड़ाके की सर्दी में विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है।
दूसरी ओर शनिवार को सुबह घना कोहरा छाया रहा। इससे लोग दिन में भी वाहन की लाइट जलाकर निकले। सड़क व बाजार में आम दिनों की अपेक्षा कम भीड़ दिखी। शनिवार को न्यूनतम तापमान छह व अधिकतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
रोडवेज बस स्टेशन, प्राइवेट बस स्टैंड, गोंडा मार्ग व रानी धर्मशाला समेत अन्य सार्वजनिक स्थानों पर शनिवार को अलाव नहीं जले। कुछ जगह लोग कूड़ा व गत्ते आदि जलाकर हाथ सेंकते दिखे।
डीएम डॉ. महेंद्र कुमार ने बताया कि प्रशासन की ओर से 150 सार्वजनिक स्थानों पर अलाव जलवाने की व्यवस्था की गई है। साथ ही बलरामपुर नगर में दो, नगर पालिका उतरौला, नगर पंचायत तुलसीपुर व पचपेड़वा में एक-एक रैन बसेरा संचालित किया जा रहा है। जहां राहगीर समेत अन्य लोग रात बिता सकते हैं। डीएम ने लोगों से ठंड से बचने के लिए विशेष देखभाल करने की अपील की है।
जिला आपदा विशेषज्ञ अरुण सिंह ने बताया कि ठंड से बचने के लिए सर्दियों में तिल के तेल का सेवन करना फायदेमंद हैं। इसके अलावा खजूर, गुड़, अदरक, शहद और हल्दी दूध का अधिक प्रयोग करें। बाहर निकलने से पहले कान, नाक व गले को ढक लें। गर्म पेय पदार्थों को सेवन कर शरीर का तापमान स्थिर रखें। खांसी, जुकाम व बुखार होने पर तत्काल चिकित्सक को अवश्य दिखाएं।
तुलसीपुर तहसील में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस में आए फरियादियों को डीएम डॉ. महेंद्र कुमार व एसपी राजेश कुमार सक्सेना ने कंबल बांटा। साथ ही तुलसीपुर एसडीएम मंगलेश दुबे को तहसील क्षेत्र में प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर अलाव जलवाने व रैन बसेरे में उचित प्रबंध कराने का निर्देश दिया।