बलरामपुर। शहर की यातायात व्यवस्था को सुधारने के लिए ई-रिक्शा पर कोडिंग कर रूट निर्धारित किया गया था। कुछ दिनों तक नियमों का पालन करने के बाद एक बार फिर ई-रिक्शा सभी मार्गों पर बेधड़क दौड़ने लगे हैं। चालकों की मनमानी से सुगम यातायात की कोशिशें बेपटरी हो गई हैं। रूट निर्धारण का अनुपालन न होने से शहर में जाम की समस्या बढ़ गई है। परिवहन विभाग के साथ यातायात पुलिस ने भी आंखें मूंद रखी हैं। इसका खामियाजा शहर के लोगों को भुगतना पड़ रहा है।
जाम से निजात दिलाने के लिए कुछ माह पूर्व रूट निर्धारण किया गया था। सभी ई-रिक्शा पर एक, दो व तीन नंबर लिखकर रूट का निर्धारण किया गया था। एक नंबर वाला ई-रिक्शा गोंडा मार्ग पर, दो नंबर वाला ई-रिक्शा बहराइच मार्ग पर तथा तीन नंबर वाला ई-रिक्शा तुलसीपुर मार्ग पर संचालित करने का निर्देश दिया गया था। यातायात पुलिस की अनदेखी के चलते चालक अब इस नियम का अनुपालन नहीं कर रहे हैं। मनमाने तरीके से किसी भी रोड पर सवारियों को बैठाकर चल रहे हैं।
नगरवासी सलीम, अशरफ अली, छोटकन, शमीम, राहुल व कमलेश आदि का कहना है कि रूट निर्धारण नियम का पालन न होने से शहर के प्रमुख मार्गों पर जाम की समस्या बनी रहती है। नगर के वीर विनय चौराहा, झारखंडी मंदिर के सामने, मुख्य बाजार, भगवतीगंज चौराहा सहित अन्य प्रमुख स्थानों पर ई-रिक्शा का जमावड़ा लगा रहता है।
इनमें से अधिकांश ई-रिक्शा का पंजीकरण परिवहन विभाग में नहीं है। इनपर नंबर प्लेट भी नहीं लगा है। शहर में सैकड़ों ई-रिक्शा बिना नंबर प्लेट के ही फर्राटा भर रहे हैं।
25 ई-रिक्शा का किया गया है चालान
बिना नंबर प्लेट व पंजीकरण कराए सड़क पर चलने वाले ई-रिक्शा की चेकिंग के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। जून माह में चलाए गए अभियान के दौरान बिना पंजीयन व नंबर प्लेट वाले 25 ई-रिक्शा का चालन किया गया है। आगे भी कार्रवाई की जाएगी।
- अरविंद यादव, एआरटीओ बलरामपुर