उमसभरी गर्मी से मिली राहत, खेत में पानी भरने से खिले किसानों के चेहरे
संवाद न्यूज एजेंसी
बलरामपुर। जिले में काफी दिनों बाद रविवार को झमाझम बारिश हुई। इससे एक तरफ जहां उमस भरी गर्मी से राहत मिली है, वहीं किसानों के चेहरे खुशी से खिल उठे। पानी के बिना सूख रही धान की फसल के लिए यह बारिश किसी संजीवनी से कम नहीं है।
बीते एक माह से बारिश के लिए तरस रहे लोगों को रविवार की झमाझम बारिश ने काफी राहत पहुंचाई। खेतों में सूख रही धान के खेतों में लबालब पानी भर गया। बारिश होने से किसानों के चेहरे खुशी से खिल उठे। जिले में करीब एक लाख 29 हजार हेक्टेयर में धान की खेती का लक्ष्य है, लेकिन बारिश नहीं होने के कारण 20 फीसदी धान की रोपाई का कार्य नहीं हो सका है।
किसान राम उज्जागर, मोहित देव, संतराम, इलियास, जावेद, इरफान, कल्लू, सर्वेश सिंह, विनय कुमार एवं महादेव आदि ने बताया कि झमाझम बारिश के बाद जिन किसानों ने अभी तक धान की रोपाई नहीं की थी, उन्होंने भी रोपाई शुरू कर दी है। सिंचाई के अभाव में सूख रहे गन्ने को भी बारिश के बाद काफी फायदा पहुंचेगा। धान के खेत में पर्याप्त पानी हो गया है।
जिला कृषि अधिकारी आरपी राणा ने बताया कि यह बारिश खेती किसानी की दृष्टिकोण से बेहद फायदेमंद है। बारिश से फसलों में जान आ जाएगी।