बलरामपुर। परिषदीय विद्यालयों में बच्चे अब समूह बनाकर पढ़ना लिखना सीखेंगे। इसके लिए नए सत्र से शैक्षिक कार्य में गुणवत्ता बढ़ाने के लिए विद्यालयों में पेयर लर्निंग से पढ़ाई की नई व्यवस्था को लागू किया जाएगा। इसका उद्देश्य बच्चों में रचनात्मक, चिंतन और जिज्ञासा का विकास करना है। इससे बच्चों में पढ़ाई के प्रति रुचि के साथ ही आपसी सामंजस्य भी बढ़ेगा। इसके तहत स्कूल के विद्यार्थी ग्रुप बनाकर शिक्षण कार्य करने के साथ ही आपस में विचारों का अदान-प्रदान भी करेंगे।
जिले में 1814 परिषदीय विद्यालयों में करीब 2.63 लाख बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत छात्रों को आसान तरीके से शिक्षा देने पर जोर दिया जा रहा है। इसका उद्देश्य उन पर पढ़ाई का बोझ न पड़ने देना है। इसी के तहत परिषदीय विद्यालयों में इस अनूठी पहल को लागू किया जा रहा है। इससे बच्चों में सहयोग करने की भावना के साथ ही आत्मविश्वास का भी विकास होगा। यह जानकारी बीएसए कल्पना देवी ने दी।
उन्होंने बताया कि इससे बच्चों में टीम के रूप में काम करने से उनकी नेतृत्व क्षमता भी बढ़ेगी। समूह शिक्षण के तहत कक्षाओं में विद्यार्थियों के छोटे-छोटे समूह बनाए जाएंगें। एक समूह में 4 से 5 तक बच्चे शामिल किए जा सकते हैं। इसमें विभिन्न प्रकार के अधिगम उत्तर योग्य बच्चे होंगे। यह बच्चों की शिक्षा देने की एक अच्छी पहल साबित होगी। विभागीय निर्देशानुसार जल्द इस व्यवस्था का लागू किया जाएगा।