पुलिस घायल को अस्पताल ले जाने और आरोपियों पर नियमानुसार कार्रवाई की बात कहती रही, लेकिन प्रदर्शनकारी नहीं माने। इस दौरान वाहनों की लंबी कतार लग गई। मौके पर सीओ जितेंद्र कुमार भी पहुंच गए। काफी समझा बुझाकर सभी को थाने पर ले गए। यहां एएसपी डीपी तिवारी और एसडीएम सदर प्रशांत नायक भी पहुंच गए। घायल को इलाज के लिए फिर जिला अस्पताल भिजवाया। लगभग दो से ढाई घंटे तक जाम लगा रहा।
बलिया एएसपी डीपी तिवारी ने कहा कि घायल को इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया गया है। आरोपियों का पहले ही चालान कर दिया गया था। इसके बाद भी जाम लगाकर लोगों को परेशान किया गया। मामले में जो भी संवैधानिक कार्रवाई होगी की जाएगी।
बांसडीहरोड थाना क्षेत्र के शंकरपुर में रितिक (18) पुत्र राजेश प्रसाद सोमवार की सुबह अपने कमरे में फंदे पर झूलता मिला। धूप निकलने से सभी घरवाले छत पर बैठे थे। इसी दौरान किसी बात से नाराज युवक ने खुद को कमरे में बंद कर फंदा बनाकर पंखे से झूल गया। कुछ देर बाद नीचे किसी काम से पंहुचे किसी घरवालों ने उसे देखा तो काफी संख्या में लोग जुट गए। आनन फानन में घरवालों ने उसे अस्पताल पंहुचाया जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।