जनपद में मौसम के बदलाव के बीच थोड़ी सी लापरवाही घातक हो रही है। कम इम्युनिटी वाले लोग सर्दी जुकाम, बुखार की चपेट में आ रहे हैं। सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्ग व बच्चों को रही है। हर दिन ठंड बढ़ती ही जा रही है। सुबह के समय और शाम के समय ज्यादा सर्दी का एहसास होता है। हालांकि, दिन के समय स्थिति सामान्य नजर आती है। लोग सुबह और शाम के समय बिना गर्म कपड़े के नहीं रह पा रहे हैं। अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आने वाले दिनों में तापमान में और भी ज्यादा गिरावट होने की उम्मीद है। मौसम में हो रहे बदलाव के बीच लोगों को मौसमी बीमारियां भी प्रभावित कर रही हैं। दीपावली व कोहरे के कारण हवा की खराब गुणवक्ता से अस्थमा रोगियों की परेशानी भी बढ़ गई है।
जिला अस्पताल में शुक्रवार को 1423 मरीज ओपीडी में इलाज कराने पहुंचे, इसमें 40 प्रतिशत मरीज मौसमी बीमारियों वाले थे। वह मौसम में हो रहे बदलाव की वजह से परेशान थे। इमरजेंसी में रोज करीब 10 से 15 अस्थमा वाले मरीज सांस की परेशानी को लेकर पहुंच रहे हैं। जिला अस्पताल के फिजिशियन डा. पंकज झा ने बताया कि बदलते मौसम में सावधानी बरते, लापरवाही सेहत खराब कर सकती है। सुबह व शाम विशेष ख्याल रखे, घर से निकले तो गर्म कपड़े व मास्क लगा ले। शाम को गर्म पानी का भाप ले। सर्दी जुकाम को हल्के में न ले, चिकित्सक की सलाह पर दवा का सेवन करे।