फेफना क्षेत्र के करची परुवा गांव में समपार की मांग को लेकर धरना देते ग्रामीण।
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फेफना। थाना क्षेत्र के कर्ची परुआ में ग्रामीण पिछले दो वर्षों से सिंहपुर से कर्ची तक रेलवे लाइन पार कर जाने वाले मार्ग को समपार बना कर शुरू करने के लिए आंदोलन कर रहे हैं। बुधवार को समपार बनाने वाले स्थान पर कई गांवों के ग्रामीणों ने अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया।
सिंहपुर से कर्ची तक रेलवे लाइन पार कर जाने वाले मार्ग को समपार बनाने के लिए ग्रामीणा बीते दो वर्षों से आंदोलन कर रहे हैं। लेकिन शासन-प्रशासन के कानों पर जूं नहीं रेंग रही है। इस मार्ग पर समपार बनाने के लिए कर्ची, परुआ, नरायनापाली, सिंहपुर, एकौनी आदि गांवों के लोगों ने कई बार उच्चाधिकारियों से आग्रह किया, जनप्रतिनिधियों से अपनी पीड़ा बताई, यहां तक कि पिछले विधान सभा चुनाव में मतदान का पूर्ण बहिष्कार भी किया। लेकिन परिणाम कुछ भी सार्थक नहीं निकला। ग्रामीणों ने बताया कि यदि यह समपार बन जाए तो जो 10 किमी की दूरी तय कर पहुंचते हैं, वह महज 500 मीटर में ही सिमट जाएगी। इसका लाभ लगभग 13 गांवों के 30 हजार आबादी को मिलेगा। बुधवार को समपार बनाने वाली जगह पर कई ग्रामों के सैकड़ों लोग अनिश्चितकालीन धरना पर बैठ गए। मौके पर रेलवे के कुछ उच्चाधिकारी पहुंचे लेकिन वे ग्रामीणों को कुछ विशेष आश्वासन नहीं दे पाए। धरने पर बैठने वालों में डॉ. सुब्हान अंसारी, हरेराम सिंह, रामएकबाल यादव, परमहंस सिंह, गंगेश्वर सिंह, ओमप्रकाश कुशवाहा, नथुनी वर्मा, अनिरुद्ध वर्मा, कैलाश सिंह, रंजीत चौहान, रदुम्न यादव आदि रहे।