सरयू नदी के बाढ़ के पानी से घिरा बैरिया क्षेत्र के गोपालनगर गांव।
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बलिया। जिले में गंगा व सरयू का जलस्तर घटने लगा है। इसके बावजूद बाढ़ की दुश्वारी बनी हुई है। सोमवार को गंगा का जलस्तर गायघाट पर 58.020 मीटर और सरयू का जलस्तर डीएसपी हेड पर 65.26 मी. दर्ज किया गया। नदी के तेवर नरम पड़ गए हैं। आयोग ने अगले 24 घंटे में जलस्तर में गिरावट की संभावना जताई है। लेकिन निचले इलाके में बाढ़ की समस्या बनी हुई है।
बैरिया में सरयू नदी के जलस्तर में घटाव के बावजूद सुरेमनपुर दियराचंल में बाढ़ की स्थिति में सुधार नहीं है। स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है। चारों तरफ जल ही जल दिख रहा है। धान, ज्वार के फसलों के अलावा बड़े क्षेत्रफल में सब्जियों की खेती नष्ट हो गई है। किसानों का हाल बुरा है। कोई उनका पूछनहार नहीं दिख रहा है। सुरेमनपुर दियराचंल के गोपाल नगर, मानगढ़, शिवाल मठिया, वशिष्ट नगर सहित आधा दर्जन गांव सरयू के बाढ़ के पानी में अभी भी डूबे हुए हैं। मौके पर न तो कहीं बाढ़ चौकी दिख रही है। न ही कहीं राहत और बचाव कार्य दिख रहा है। शिवाल मठिया, मानगढ़, गोपाल नगर, वशिष्ठ नगर, गुमानी का डेरा, बैजनाथ के डेरा, बकुलहा, टोला फत्तेराय में धान की फसल भी बर्बाद हो चुकी है। गोपाल नगर पुलिस चौकी परिसर में दिन में करीब एक बजे दो आशा बहू इंद्रावती देवी और रेखा देवी मौजूद थे। उन्होंने कहा कि सुबह से ही हम लोग दवा के इंतजार में बैठे हैं। अभी तक कोई नहीं आया है।
पानी से घिरे होने से आवागमन प्रभावित
रेवती । नदी सरयू में निरन्तर घटाव के बावजूद क्षेत्र के टीएस बंधा से उत्तर स्थित गांवों की स्थिति अत्यंत दयनीय है। गांव अभी भी पानी से घिरे हुए हैं। लोगों के आवागमन में कठिनाई के साथ-साथ उन्हें नित्य क्रियाओं में भी भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। फसलों के पानी में डूबे होने के कारण अब मवेशियों के हरे चारों के भी लाले पड़ गए हैं। बंधा के उत्तर स्थित नवका गांव,देवपुर, बैजनाथ का डेरा, धूपनाथ का डेरा आदि गांवों बाढ़ के पानी से घिरे हुए हैं। सोमवार की शाम चांदपुर गेज पर नदी खतरा बिंदु से 1.9 मीटर अधिक गेज 59.09 मीटर पर थी।