बलिया। भूमि विवाद का निपटारा नहीं करने और भूमाफियों को शह देकर जमीन कब्जाने के आरोप में शासन ने बैरिया तहसीलदार सुदर्शन कुमार के खिलाफ लगे भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच के लिए टीम का गठन किया है।
उत्तर प्रदेश शासन के अनुसचिव धनश्याम चतुर्वेदी ने शुक्रवार को राजस्व परिषद के आयुक्त एवं सचिव को पत्र जारी कर इस बाबत निदेश दिया है।
पत्र में अनु सचिव ने उल्लेख किया कि बलिया की तहसील बैरिया के तहसीलदार सुदर्शन कुमार द्वारा भू-माफियाओं को शह देकर जमीन कब्जा कराने तथा उनके द्वारा की जा रही धनउगाही एवं भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए विधायक मनीष कुमार जायसवाल मन्टू एवं रविदास मेहरोत्रा ने बीते 13 जून को मुख्यमंत्री को संबोधित पत्र में तहसीलदार सुदर्शन कुमार पर भू-माफियाओं को शह देकर जमीन कब्जा कराने तथा धनउगाही कर भ्रष्टाचार किये जाने की शिकायत की गई है। इसके पूर्व 12 जून को सांसद जगदंबिका पाल ने भी मुख्यमंत्री को संबोधित शिकायती पत्र में बैरिया तहसीलदार पर भू माफिया को प्रश्रय देने और भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने का आरोप लगाया था। अनुसचिव ने उल्लेख कि इसके दृष्टिगत जांच टीम गठित करके सुदर्शन कुमार, तहसीलदार की जांच टीम गठित कर कृत कार्रवाई से अवगत कराएं।
बैरिया थाना क्षेत्र के जमालपुर गांव निवासी ने तहसीलदार पर भूमि की पैमाइश नहीं होने देने और भू माफिया की मदद करने और भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था। जिसके आधार दो विधायक और एक सांसद ने मुख्यमंत्री से तहसीलदार की लिखित शिकायत की थी।
शासन से अभी कोई पत्र पाप्त नहीं हुआ है। पत्र प्राप्त होने पर शासन के निर्देशानुसार कार्रवाई की जाएगी। - आत्रेय मिश्रा, एसडीएम, बैरिया