विभिन्न मांगों को लेकर बैरिया तहसील परिसर में धरना पर बैठे अधिवक्तागण। जागरुक पाठक
बैरिया। बैरिया तहसील परिसर में मंगलवार को एक बार फिर अधिवक्ताओं और तहसील प्रशासन के बीच टकराव की स्थिति सामने आई। तहसील भवन के कमरों में पीठासीन अधिकारियों की अदालतें चलती रहीं तो बाहर बरामदे में अधिवक्ता धरने पर बैठकर तहसील प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते रहे। अधिवक्ताओं ने मुकदमा वापस लेने समेत कई मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू करने का ऐलान किया है। करीब तीन माह पहले तत्कालीन एसडीएम संजय कुशवाहा के निर्देश पर तत्कालीन कंप्यूटर लिपिक शैलेश भारती की तहरीर पर तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश मिश्रा, महामंत्री राजकुमार तिवारी समेत चार अधिवक्ताओं के खिलाफ दलित उत्पीड़न सहित विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कराया गया था। इसके विरोध में अधिवक्ताओं ने धरना शुरू किया था। तत्कालीन जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह की ओर से प्राथमिकी वापस लेने का आश्वासन दिए जाने के बाद आंदोलन स्थगित हुआ था।