बलिया। पंजीकृत पटरी दुकानदारों के खातों में अब तक प्रदेश सरकार की सहायता राशि नहीं पहुंची है जिससे क्षुब्ध पटरी दुकानदार समिति ने जिला प्रशासन और डूडा के अधिकारियों पर मनमानी का आरोप लगाया। इस संबंध में पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी को शनिवार को पत्रक सौंपा। पत्रक में समिति के पदाधिकारियों ने कहा है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री की ओर से पटरी दुकानदारों को लॉकडाउन के दरम्यान जीवन-यापन के लिए 1000 रुपये की सहायता राशि उपलब्ध कराई जा रही है। बताया कि जिले में 1213 लोगों को पंजीकृत किया गया है, जिनमें 900 लोगों ने अपना बैंक खाता और आधार नंबर विभाग को दिया है लेकिन महज 400 लोगों के खाते में ही अब तक सहायता राशि उपलब्ध हो पाई है। 500 पंजीकृत पथ विक्रेता विभागीय लापरवाही के कारण आज भी सरकारी सहायता से वंचित हैं। जिससे पंजीकृत पथ विक्रेताओं के सामने विभिन्न समस्याएं उत्पन्न हो गई है। पत्रक देने वालों में अशोक कुमार गुप्ता, आकाश कुमार पटेल, विकास पांडेय लाला, गोपाल सिंदुरिया, सोनू गुप्ता आदि रहे।