बेल्थरारोड। सरयू नदी के तेवर तल्ख हो गए हैं। पिछले 24 घंटे से जलस्तर में लगातार वृद्धि का सिलसिला जारी रहने से बाढ़ की संभावना प्रबल हो गई है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार मंगलवार को अपराह्न जलस्तर 63.250 मीटर दर्ज किया गया, जो लाल निशान 64.010 से 76 सेंटीमीटर कम है। आयोग का कहना है कि एक-एक सेंटीमीटर प्रति घंटे की दर से जलस्तर में बढ़ोतरी हो रही है। आयोग ने अगले 24 घंटे में जलस्तर में वृद्धि होने का पूर्वानुमान किया है। जलस्तर में वृद्धि का क्रम जारी रहने से तटवर्ती दर्जनों ग्रामों के हजारों लोग सहम गए हैं। बाढ़ का पानी तटवर्ती ग्रामों की ओर बढ़ने लगा है। इसके साथ ही तटवर्ती चैनपुर गुलौरा, तुर्तीपार, हल्दीरामपुर आदि क्षेत्रों में तेजी से कटान हो रही है। कृषि भूमि कट-कट कर नदी की जलधारा में विलीन हो रही है। चैनपुर गुलौरा में टीएस बंधे तक बाढ़ का पानी पहुंच गया है। लालनिशान की ओर तेजी से बढ़ रहे जलस्तर से बाढ़ की संभावना जताई जा रही है। हालांकि जलस्तर अभी लालनिशान से 76 सेंटीमीटर कम है। फिर भी जलस्तर में वृद्धि का सिलसिला जारी रहा तो नदी का पानी खतरे के निशान तक पहुंच जाएगा। इधर, संभावित बाढ़ के खतरे से निपटने के लिए प्रशासनिक तैयारी पूरी कर ली गई है। एसडीएम अशोक चौधरी ने बताया कि बाढ़ को लेकर प्रशासन अलर्ट है। तटवर्ती बक्षेत्रों में बाढ़ चौकियां स्थापित कर दी गई हैं। बाढ़ की संभावना फिलहाल नहीं है, फिर भी बाढ़ आने पर बचाव और राहत कार्य तत्काल शुरू कर दिया जाएगा।