नामांकन प्रक्रिया के दूसरे दिन बुधवार को बलिया संसदीय क्षेत्र के लिए 10 और सलेमपुर के लिए तीन नामांकन पत्र लिए गए। वहीं सलेमपुर लोकसभा क्षेत्र के भाजपा प्रत्याशी रविंद्र कुशवाहा ने प्रस्तावकों के साथ चार सेट में नामांकन किया। उन्होंने सीआरओ कार्ट में सीडीओ ओजस्वी राज को नामांकन पत्र सौंपा।
रविंद्र कुशवाहा 2014 और 2019 में सलेमपुर लोकसभा सीट से सांसद चुने गए थे। रविंद्र कुशवाहा को सुखपरा इंटर कॉलेज में आयोजित विजय संकल्प रैली के उपरांत नामांंकन करने आना था, लेकिन डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के आने में विलंब होने से जनसभा देर से आरंभ हुई।
इस वजह से रविंद्र को जनसभा को बीच में छोड़कर अपने समर्थकों और प्रस्तावकों के साथ नामांकन के निकलना पड़ा। सलेमपुर लोकसभा क्षेत्र के भाजपा प्रत्याशी का वाहन और उनके प्रस्ताव व समर्थकोंं की गाड़ी पार्टी का झंडा नहीं लगा था। नामांकन के उपरांत सांसद रविन्द्र कुशवाहा ने कहा कि भाजपा ने राम मंदिर का निर्माण करवाया है तो मंदिर के नाम पर वोट मांगना उसका हक हैं। कहा कि लोकसभा में बहुत सारा काम पूरा हो चुका है, जो बाकी है, उसको पूरा कराना है।
उधर, नामांकन के दौरान होने वाली भीड़ को नियंत्रित करने के लिए जिला प्रशासन की ओर से व्यापक बंदोबस्त किए गए थे। सलेमपुर लोकसभा क्षेत्र के प्रत्याशियों के काफिले को रोकने के लिए जीजीआईसी के पास बैरिकेड व पुलिस बल का इंतजाम किया गया था। प्रत्याशी के अलावा अन्य वाहनों को पुलिस ने वाहनों को रोक दिया लिहाजा प्रस्तावक भी फंस गए, जिसमें बांसडीह की विधायक केतकी सिंह भी रहीं।