बलिया। जिले में बिजली आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। स्वतंत्रता दिवस पर शासन की ओर से निर्बाध बिजली आपूर्ति का निर्देश दिया गया था लेकिन अधिकारियों की मनमानी और लापरवाही के कारण जिले के 350 से अधिक गांवों में किसी न किसी फॉल्ट के कारण सोमवार को भोर से देर शाम तक आपूर्ति ठप रही। जिला मुख्यालय पर जहां कटौती होती रही, वहीं 350 से अधिक गांवों के लोग बिजली नहीं होने के कारण परेशान रहे। कहीं दो से तीन घंटे की आपूर्ति हो रही है तो कहीं पांच से छह घंटे की ही आपूर्ति मिल रही है।
नरहीं में स्वतंत्रता दिवस पर विद्युत उपकेंद्र चितबड़ागांव से संबद्ध 40 गांवों में बिजली आपूर्ति ठप रही। इसके पहले, रक्षाबंधन को भी बिजली गायब रही थी। यहां सरकार का फरमान नहीं बल्कि बिजली विभाग के कर्मचारियों के आदेश चलते हैं। पिछले एक महीने से विद्युत उपकेंद्र चितबड़ागांव के उपभोक्ता एवं किसान बिजली कटौती से जूझ रहे हैं। उधर, विद्युत उपकेंद्र बसंतपुर से जुड़े 42 गांवों में भी सोमवार को भोर से ही बिजली गुल रही जो रात 11 बजे आई। हल्दी में उपकेंद्र सोनवानी से जुड़े 70 गांवों में पिछले एक सप्ताह से बिजली कर दीदार नहीं हो रहा है। रात में 10 बजे के बाद बिजली आ रही और आधे-एक घंटे पर निरंतर कट जा रही है। रात में कुल चार से छह घंटे ही बिजली मिल पाती है। दिन में तो बिजली का दीदार होना मुश्किल ही है। क्षेत्र के हल्दी, भरसौता, सुल्तानपुर, नन्दपुर, परसिया, सीताकुंड, बहादुरपुर, रेपुरा, सुजानीपुर, दोपही, नीरुपुर, पिंडारी, बसुधरपाह, बिगही, सोनवानी, बबुआपुर, कृपालपुर, पुरास आदि गांवों के लोग बेहाल हैं। लालगंज क्षेत्र के 30 गांवों में पूरे दिन बिजली गुल रही। रात में 10 बजे के बाद बिजली आई और फिर चार बजे भोर में गायब हो गई। यही रोस्टर चल रहा है। बांसडीह में विद्युत उपकेंद्र टकरसन से जुड़े 15 गांवों में बीते एक पखवारा से बिजली कटौती जारी है। मुश्किल से दो से तीन घंटे ही बिजली मिल रही है। नगरा क्षेत्र के 45 गांवों में पूरे दिन बिजली गायब रही। रात में 10 बजे आपूर्ति बहाल हुई और सुबह चार बजे तक रही। दया छपरा क्षेत्र के 16 गांवों में बिजली आपूर्ति ठप रही। रात्रि में नौ बजे से बिजली आती-जाती रही। जयप्रकाश नगर में क्षेत्र के 32 से अधिक गांवों में सोमवार को पूरे दिन बिजली नहीं रही। बेरुआरबारी में क्षेत्र के 22 गांवों में सोमवार को पूरे दिन और पूरी रात बिजली नहीं रही। बांसडीह कस्बे में सोमवार को बिजली के आने-जाने का सिलसिला चलता रहा। मझौवा क्षेत्र के 22 गांवों में सोमवार को पूरे दिन बिजली गायब रही। रात में भी दो घंटे की ही आपूर्ति मिली। गड़वार और चिलकहर फीडर से जुड़े 29 गांवों में विद्युत व्यवस्था ध्वस्त है। सोमवार को भी जहां पूरे दिन बिजली गायब रही। वहीं, रात में तीन-चार घंटे की ही आपूर्ति मिली।
जिला मुख्यालय और आसपास के क्षेत्रों में रोस्टरिंग की जा रही है क्योंकि 63 एमवीए का ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त है। हालांकि ट्रांसफार्मर उपलब्ध हो गया है और जल्द ही इसमें सुधार होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में तेज हवा और बारिश के चलते आपूर्ति प्रभावित हुई लेकिन सब दुरुस्त कर लिया गया है। - आरके जैन, अधीक्षण अभियंता, विद्युत