नगरा नगर पंचायत में पहली बार हुए निकाय चुनाव में अध्यक्ष पद पर सपा उम्मीदवार इंदू देवी ने अपने प्रतिद्वंदी भाजपा प्रत्याशी रेनू देवी को 1699 मतों से पराजित कर अध्यक्ष पद पर कब्जा कर लिया। इंदू देवी को 5753 मत मिले, जबकि उनकी प्रतिद्वंदी भाजपा प्रत्याशी को 4054 मत प्राप्त हुए। बसपा के संपति देवी को 750 वोटों से संतोष करना पड़ा। नगर पंचायत नगरा का तीन साल पूर्व गठन हुआ। तभी से नगरा की जनता चुनाव को लेकर बेसब्री से प्रतीक्षा में थी।
यह ग्राम पंचायत तीन ग्राम पंचायतों नगरा, चचया और भंडारी को मिलाकर बनाई गई। कुल 19718 मतदाता हैं। चुनाव में 11498 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया था। अध्यक्ष पद महिला अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित था। पहले ही चुनाव में अध्यक्ष पद पर सपा उम्मीदवार इंदू देवी ने अपने प्रतिद्वंदी भाजपा प्रत्याशी रेनू देवी को 1699 मतो से पराजित कर अध्यक्ष पद पर कब्जा कर लिया। इंदू देवी स्नतक के साथ ही बीएड भी हैं।
चितबड़ागांव नगर पंचायत चुनाव में पहली बार भाजपा का कमल खिला। भाजपा प्रत्याशी अमरजीत सिंह ने अपने निकतम प्रत्याशी निर्दलीय बृजकुमार को 1161 मतों से पराजित किया। बागी बनकर चुनाव लड़ने पर भाजपा ने बृज कुमार को पार्टी से निष्कासित कर दिया था। नगर पंचायत में मतदाताओं की संख्या 18922 है, जिसमें 12165 मत पड़े थे। भाजपा प्रत्याशी अमरजीत सिंह को 3520 मत प्राप्त हुए। अमरजीत सिंह अपने निकटतम प्रतिद्वंदी निर्दल प्रत्याशी बृज कुमार सिंह को 1161 मतों से पराजित किया।
निर्दल प्रत्याशी बृज कुमार सिंह को कुल 2359 मत प्राप्त हुए। बसपा से नवनीत कुमार दीपू 2230 मत पाकर तीसरे स्थान पर रहे। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राजू सिंह डब्बू को 1691 मत प्राप्त हुआ। नगर पंचायत चितबड़ागांव में पहली बार कमल खिला। भाजपा प्रत्याशी अमरजीत सिंह लगातार सात वर्षों से लोगों के बीच थे। कुशल चुनावी प्रबंधन भी उनकी जीत में काफी हद तक सहायक सिद्ध हुआ। युवा होने के कारण नगर के युवाओं ने भी उनका भरपूर समर्थन किया।
नगरपालिका रसड़ा से बसपा प्रत्याशी विनय शंकर जायसवाल ने 12338 मतपाकर निकतम प्रत्याशी भाजपा के वशिष्ठ नारायण सोनी को हराया।