गर के गुदरी बाजार स्थित एक दुकानों पर बिक्री के लिए रखा गया कागज का प्लेट गिलास।
- फोटो : BALLIA
बलिया। देवउठनी एकादशी के बाद होने वाले शादी ब्याह को लेकर सहालग का बाजार सज गया है। हालांकि शादी बरात का सीजन 24 नवंबर से 14 दिसंबर तक है।इससे सहालग कारोबारियों से लेकर जिन घरों में मांगलिक कार्यक्रम हैं उनमें भी खुशी है। बरात घर संचालकों ने तैयारियां तो वहीं घरवालों ने खरीदारी तेज कर दी है। इससे बाजार गुलजार होने से कारोबारी भी बेहद खुश हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, देवोत्थान एकादशी से श्रीहरि विष्णु नींद से जाग उठते हैं। इसी दिन तुलसी सालिग्राम का विवाह होता है, जिसके बाद से मांगलिक कार्य शुरू हो जाते हैं। लेकिन शुक्र अस्त होने के कारण ऐसा इस बार नहीं हुआ। इस माह में 24 नवंबर को पहली सहालग है। इसके बाद से तिलक, वरीछा आदि कार्यक्रम शुरू हो रहे हैं। इस माह के शुभ मुहूर्त में करीब 1500 जोडे़ परिणय सूत्र में बंधेंगे। इसको लेकर बाजार भी पूरी तरह से तैयार है। सुबह से लेकर शाम तक बाजार में खरीदारी के लिए भीड़ उमड़ रही है। सबसे ज्यादा रौनक चौक शहीद पार्क स्थित बाजार में है। वह भी कपड़ों की दुकानों पर। शादी ब्याह को लेकर उमड़ रही भीड़ को लेकर कारोबारियों के चेहरे भी प्रसन्नता से खिल उठे हैं। कपड़ा बाजार की रंगत बढ़ गई है। बाजार में सुबह से लेकर रात तक भीड़ उमड़ रही है। ग्रामीण से लेकर शहर क्षेेत्र के लोग बड़ी संख्या में परिवार संग खरीदारी कर रहे हैं। इससे बाजार में कपड़ों की दुकानों पर भीड़ रहती है। ज्योतिषाचार्य पंडित डॉ.अखिलेश उपाध्याय बताते हैं कि इस बार 24नवंबर के बाद शादी ब्याह होने की शुरूआत होगी। उन्होंने बताया कि नवंबर की 24,25, 26, 27, 28, 29, 30 और दिसंबर में 1, 2, 3,4, 5, 7, 11, 12 एवं 14 तारीख को शुभ मुहूर्त है। 15 दिसंबर से 14 जनवरी तक खरमास रहेगा। इस दौरान मांगलिक कार्य नहीं होंगे। इस पूरे सहालगी सीजन में करीब 1500 शादियां होंगी।
नगर के स्टेशन-चौक रोड स्थित एक साड़ी की दुकान में कपड़ों की खरीदारी करती महिलाएं।- फोटो : BALLIA