बलिया। करीब 19 साल पहले दीवार से चूल्हा सटाकर खाना पकाने के विवाद में हुई हत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी की अदालत ने सुनवाई की। इसमें पुत्र निजामू और उसके पिता फूल मुहम्मद निवासी गढ़वा रसड़ा को दोषी पाया। दोनों को दस साल की सजा सुनाई। यह घटना रसड़ा थाना अंतर्गत गढ़वा गांव में 10 नवंबर 2006 को हुई थी। मारपीट में गंभीर चोट की वजह से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। मामले में न्यायालय ने उभय पक्षों की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुनाया है। दोनों को 11-11 हजार रुपये के जुर्माने से भी दंडित किया। जुर्माने की धनराशि अदा नहीं करने पर अतिरिक्त तीन तीन माह का कारावास भुगतना पड़ेगा।