फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ballia News: कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बेपटरी, अंधाधुंध कटौती से लोग परेशान

विज्ञापन
विज्ञापन
बलिया। पड़ रही तेज गर्मी के बीच बिजली भी लोगों को रुलाने लगी है। जिलेभर में बिजली की आपूर्ति बेपटरी हो गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में दिन की बिजली नदारद हो गई है तो रात की आपूर्ति में आने जाने का सिलसिला चलता रहता है।
विज्ञापन

तमाम प्रयास के बावजूद जिले में विद्युत आपूर्ति में सुधार नहीं हो रहा है और अधिकांश इलाकों में बिजली की आपूर्ति ध्वस्त है। शहर से लेकर गांवों तक आपूर्ति की स्थिति इस कदर बदहाल है कि बिजली कब आएगी और कब कटेगी, इसका कोई रोस्टर नहीं रह गया है। जिला मुख्यालय पर 24 घंटे आपूर्ति का रोस्टर निर्धारित है लेकिन यहां भी दिन हो या रात बिजली के आने-जाने का सिलसिला चलता रहता है और कुल सात से आठ घंटे तक की कटौती होती है।
ग्रामीण इलाके में तो बिजली की आपूर्ति काफी बदहाल है। अधिकांश इलाके में तो नाममात्र की आपूर्ति मिलती है। ग्रामीण इलाकों में शासन की ओर से 18 घंटे आपूर्ति का रोस्टर ध्वस्त हो चुका है लेकिन इन इलाकों में दिन में आपूर्ति पूरी तरह गायब रहती है और देररात में आपूर्ति शुरू होती है और सुबह होते ही गायब हो जा रही है।
विज्ञापन

इस सात से आठ घंटे की आपूर्ति के दौरान भी बिजली के आने-जाने का सिलसिला चलता रहता है। बतौर उदाहरण सोहांव ब्लॉक के गड़हांचल इलाके में 45 गांवों की आपूर्ति बसंतपुर विद्युत उपकेंद्र से होती है। इन गांवों में पूरे दिन बिजली की आपूर्ति ठप रहती है। कभीकभार कुछ मिनटों के लिए आपूर्ति होती है और फिर देरशाम को आपूर्ति शुरू होती है। लेकिन आधी रात तक बिजली के आने-जाने का सिलसिला चलता है और फिर सुबह होते ही बिजली गायब हो जाती है।
उधर, जिलेभर में लो वोल्टेज की भी समस्या बनी हुई है। बिजली की कटौती के चलते घरों में रहने वाले लोग गर्मी से बिलबिला जा रहे हैं। बेल्थरारोड के अवायां विद्युत उपकेंद्र से संबद्ध फीडर से जुड़े दर्जनों ग्रामों में लो वोल्टेज से लोग परेशान हैं। लो वोल्टेज की समस्या से लोग बिजली विभाग को कोस रहे हैं। इसकी वजह से लोग भीषण गर्मी में झुलसने को मजबूर हैं। इसके अलावा पूरे क्षेत्र में बिजली कटौती के चलते रोस्टर ध्वस्त हो चुका है।
मझौवां के दिघार स्थित सब स्टेशन से क्षेत्र के मझौवा, पचरुखिया, दिघार, रामगढ़, चौबे छपरा, मीनापुर, बलिहार, सुघर छपरा, श्रीनगर आदि गांवों में सप्लाई दी जाती हैं। बिजली का लगातार पांच-छह घंटे सप्लाई बंद होना परेशानी का आलम बन चुका है। इससे प्रतिदिन महज छह से आठ घंटे ही बिजली मिल पा रही है। रात में एक-दो घंटे के अंतराल पर पावर हाउस से सप्लाई को शटडॉउन करना बिजली विभाग की आदत बन गई हैं।

मुख्यालय से ही रोस्टरिंग की जाती है। मुख्यालय से मिली आपूर्ति के अनुसार बिजली की सप्लाई दी जाती है। गर्मी के कारण फॉल्ट भी अधिक होने के कारण आपूर्ति बाधित होती रहती है। फॉल्ट की जानकारी होते ही उसे दुरुस्त कराया जाता है। - एके अग्रवाल, अधिशासी अभियंता, विद्युत, बलिया
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें