बलिया। जिले के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार काे जनआरोग्य मेले का आयोजन हुआ। लेकिन अधिकांश स्थानों पर चिकित्सक अनुपस्थित रहे। कुछ केंद्राें पर दवाओं और जांच के लिए आवश्यक संसाधनों का अभाव भी दिखा।
मनियर : प्रभारी चिकित्सा अधिकारी दिग्विजय कुमार की अनुपस्थिति में होमियोपैथ के डाॅ. उग्रसेन ने रविवार को पीएचसी में आए मरीजों का अपचार किया। बांसडीह में उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक के आगमन के कारण अस्पताल पर चहल पहल रही। करीब 50 मरीजों में दवा का वितरण कंपाउंडर रविन्द्र कुमार द्वारा किया गया। होमियोपैथ के चिकित्सक डाॅ. उदय प्रताप के अनुसार सबसे अधिक वायरल बुखार के मरीज पाए गए।
इंदरपुर: प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नगरा पर एलोपैथिक चिकित्सक की कुर्सी खाली थी। जबकि ओपीडी में कुर्सी पर राजकीय होमियोपैथिक चिकित्सालय के चिकित्सक आशुतोष कुमार यादव बैठे थे। मरीजों का पता नहीं था। अस्पताल में ड्यूटी पर तैनात नवीन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र इंद्रौली मलकौली के चिकित्सक डाॅ. शरद कुमार के विषय में पता चला कि वह आवास पर हैं। महत्वपूर्ण तो यह रहा कि पीएचसी के बाहर मुख्य गेट पर मेले का जो बैनर लगा था, उसमें निवर्तमान डीएम रवीन्द्र कुमार का ही नाम अंकित था।
नरहीं : मेले पर मंत्री की उपस्थिति का असर साफ दिखाई दिया। रविवार को सीएचसी नरहीं से जुड़े सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर चिकित्सकों की मुस्तैदी दिखाई दी। सीएचसी नरहीं के अधीक्षक डॉ पंकज कुमार ने बताया कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोटवा नारायणपुर में 40, सोहांव में 30, मेड़वरा कलां में 42, कथरियां में 35, चितबड़ागांव में 22, नसीरपुर कलां में 30 मरीजों की जांच कर दवा दी गई।