सतीश चंद्र कालेज परिसर में गुरुवार को छात्रों ने जमकर उत्पात मचाया। निर्धारित सीट से कम प्रवेश लेने से नाराज छात्रों ने काउंटरों को बंद कराने के बाद प्राचार्य का घेराव किया। इसके बाद भी जब बात नहीं बनी तो उन्होंने चलती कक्षाओं में पहुंचकर तोड़फोड़ शुरू कर दी। ईंट-पत्थर फेंकने लगे।
उनके हंगामे को देखते हुए प्राचार्य ने पुलिस बुला ली। हल्का बल प्रयोग कर पुलिस ने छात्रों को काबू में किया। इसके बाद छात्र कालेज के गेट पर धरने पर बैठ गए। उन्होंने सीओ सिटी को ज्ञापन देकर छात्रों की समस्याएं हल कराने की मांग की।
कालेज के सैकड़ों छात्रों ने गुरुवार को बीएससी प्रथम वर्ष में दाखिला, अपूर्ण परीक्षाफल और शुल्क विवरण को लेकर बवाल मचाया। उन्होंने काउंटरों को बंद कराने के बाद प्राचार्य का घेराव किया। इसके बाद भी जब बात नहीं बनी तो छात्रों ने ईंट-पत्थर चलाने शुरू कर दिए। छात्रों के उग्र रूप को देखते हुए प्राचार्य ने पुलिस बुला ली।
उधर, डर के मारे शिक्षकों ने खुद को एक कमरे में बंद कर लिया। मौके पर पहुंची पुलिस ने लाठी भांजकर छात्रों को काबू में किया। इसके बाद छात्र कालेज के मुख्य गेट के समक्ष धरने पर बैठ गए। इस दौरान छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष आशुतोष पांडेय ने कहा कि बीएससी प्रथम वर्ष में निर्धारित सीटों से कम आवदेन लिए गए हैं।
इन विषयों में पूरा दाखिला होना चाहिए। छात्रनेता अनुपम उपाध्याय ने कहा कि स्नातक में प्रवेश लेने वाले छात्रों से अधिक शुल्क लिया जा रहा है। महामंत्री छोटू यादव ने कहा कि छात्रों का परीक्षाफल अपूर्ण है। मौके पर अविनाश सिंह नंदन, विशाल पाठक, मुकेश पाठक, बृजेश यादव, अमन चौधरी, विक्की चौबे, चंदन राजा, मिथिलेश दूबे, दीपक पासवान मौजूद थे।