सुखपुरा। क्षेत्र के भलुही गांव में शनिवार को सुबह खाना बनाते समय निकली चिंगारी से लगी आग से चार लोगों के सात रिहायशी झोपडि़यां व उसमें रखे नगदी व घर गृहस्थी के सामान जल कर राख हो गए। सामानों को बचाने के प्रयास में एक युवती गंभीर रुप से झुलस गई, एक भैंस भी झुलस गई।
बताया जाता है कि प्राथमिक पाठशाला भलुही के समीप राजभर बस्ती निवासी परमा राजभर के घर में शनिवार को सुबह महिलाएं खाना बना रही थीं। इसी बीच चूल्हे से निकली चिंगारी से झोपड़ी में आग लग गई। जब तक लोग आग को बुझाने का प्रयास करते चल रही तेज पछुवा के चले आग ने विकराल रुप ले लिया। तेज पछुआ हवा चलने से आग की लपटें पूरब की तरफ बढ़ने लगी और कुछ ही देर में गोपाल राजभर, ओमप्रकाश राजभर, प्रेम प्रकाश राजभर की झोपड़ी को अपने आगोश में ले लिया। ग्रामीणों की मानें तो गोपाल के लड़की की मई में शादी थी और इसकी तैयारी में काफी सामान घर में रखे हुए थे।
गोपाल की मानें तो वह सोने का गहना व समूह से निकाल कर 20 हजार रुपये नगद रखा था जो जलकर राख हो गया। जेवरात आदि को बचाने के प्रयास में गोपाल की बेटी लड़की सपना (22) गंभीर रूप से झुलस गई। अगलगी में परमा की भैंस भी झुलस गई है। करीब एक घंटे बाद पहुंची फायर ब्रिगेड के जवानों व ग्रामीणों के प्रयास से आग पर काबू पाया गया। मौके पर पहुंचे लेखपाल व प्रधान प्रतिनिधि हृदय नारायण सिंह ने अगलगी में हुए नुकसान की जांच कर रिपोर्ट एसडीरएम को भेज दिया।
सिकंदरपुर: क्षेत्र के कठौड़ा गांव में शुक्रवार की शाम आग लगने से आठ रिहायशी झोपड़ी जलकर राख हो गई। वहीं गृहस्थी का सारा सामान जलकर राख हो गया। नारायण राजभर के घर की महिलाएं खाना बना रही थी। इसी दौरान चूल्हे से निकली चिंगारी से झोपड़ी में आग लग गयी। अभी लोग कुछ कर पाते कि आग ने विकराल रूप धारण कर बगल के मुन्ना राजभर, टुन्ना राजभर, लालजी राजभर, उदीचन्द्र राजभर, रामजी राजभर, मुन्ना चौहान, सुभाष राजभर के झोपड़ी को अपने आगोश में ले लिया। जिसमें रखा दैनिक उपयोग की वस्तुओं सहित टेलीविजन, कपड़े, अनाज, बर्तन, चारपाई आदि जलकर राख हो गए। इस दौरान झोपड़ी में रखे गैस सिलेंडर में आग लग गया और विस्फोट हो गया। जिसे बुझाने में कुछ ग्रामीणों को हल्की चोटें भी लग गई। लेखपाल व सब इंस्पेक्टर लाल साहब गौतम मौके पर पहुंच गए और स्थिति का जायजा लिया एवं पीडि़त परिवार को सहायता दिलाने का आश्वासन दिया।