भीमपुरा। असलहे के बल पर हुई बाइक लूट का मुकदमा दर्ज करने के लिए पुलिस पीडि़त शिक्षामित्र को तीन दिन से दौड़ा रही है। वह लगातार एफआईआर की कॉपी लेने के लिए थाने का चक्कर लगा रहा। लेकिन पुलिस उसे कोई न कोई बहाना बनाकर टरकाते हुए मामले में लीपापोती करने में जुटी हुई है। जबकि घटना की जानकारी उच्चाधिकारियों को भी नहीं दी गई है। शोधनपुर निवासी दिनेश कुमार अपने भांजे विशाल के साथ पांच अक्तूबर की शाम नियमतापुर अपनी बहन के यहां जा रहा था। महदेवा चट्टी के आगे सड़क किनारे से एक व्यक्ति हाथ देकर सड़क पार करने लगा। जब बाइक धीमी की तो उसने बाइक पर पैर मार दिया। जिससे बाइक असंतुलित हो गई और वह दोनों गिर गए। उसके बाद दूसरा बदमाश भी मौके पर पहुंचा और भांजे के सिर पर असलहे से वार कर दिया। जिससे उसका सिर फट गया। इसके बाद पीडि़त को जान से मारने की धमकी दी। पीडि़त ने भागकर डायल 112 को सूचना देकर थाने में मामले की तहरीर दी। आरोप है कि पुलिस असलहे के बल पर हुई लूट की घटना में असलहा दिखाने से मना कर रही है। तहरीर देने के बाद पीडि़त को अगले दिन सुबह बुलाया गया। जब पीडि़त गया तो बिजली न होने के चलते प्रिंट न निकलने की बात कह कर अगले दिन बुलाया गया। जब वह शुक्रवार को पहुंचा तो थानाध्यक्ष ने अगले दिन आने बात कही। उधर, क्षेत्राधिकारी रसड़ा शिवनारायण वैश ने ऐसे किसी मामले के प्रति अनभिज्ञता जताई। कहा कि अगर ऐसा है तो जांचकर कार्रवाई की जाएगी।