बलिया। ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे के शिलान्यास के लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी 27 फरवरी को जिले में आ रहे हैं। इसे लेकर भाजपा कार्यालय पर बैठक हुई। कार्यक्रम को सफल बनाने का आह्वान किया गया। जिला प्रभारी एवं प्रदेश सरकार के मंत्री दयाशंकर मिश्र दयालू ने कहा कि सड़क के निर्माण से विकास का रास्ता खुलता है। आज पूरे प्रदेश में छह एक्सप्रेस-वे हैं। प्रदेश को एक्सप्रेस-वे का प्रदेश कहा जा रहा है।
ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे बलिया के विकास में मिल का पत्थर साबित होगा। कार्यकर्ताओं से अधिकाधिक संख्या में पहुंचने का अपील की। राज्यमंत्री दयाशंकर सिंह ने कहा कि उजियार घाट और बलिया में एक बाईपास होना चाहिए। यूपीडा के माध्यम से यह काम होगा। मेरा प्रयास है कि बलिया को मुंबई जैसे बनाना है।
कटहल नाला पर रामपुर महावल के पास रेगुलेटर का निर्माण हो रहा है। बहादुरपुर से बसंतपुर तक सड़क का निर्माण कराया जाएगा। बसंतपुर को पर्यटन केंद्र बनाने का मेरा प्रयास है। इस पर शीघ्र काम शुरू हो जाएगा। भृगु मंदिर का ध्वज कम से कम 108 फीट का होगा। केंद्र सरकार से 250 करोड़ रुपये बलिया को मिलेगा, जिससे एसटीपी बनेगी।
केंद्रीय खेल मंत्री ने खेल के विकास के लिए 50 करोड़ रुपये देने की बात कही है। सांसद नीरज शेखर ने कहा कि ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे विकास का मार्ग प्रशस्त होगा। इसके लिए सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त के प्रयास की भी सराहना की। कार्यक्रम का संयोजक उपेंद्र तिवारी को बनाया गया है।
ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे के निर्माण के लिए कार्यदायी संस्थाओं को 18 माह का समय दिया गया है। शासन की मंशा है कि लोकसभा चुनाव से पूर्व ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का कार्य पूरा कर लिया जाएगा। गाजीपुर के करीमुद्दीनपुर से पूर्वांचल एक्सप्रेसवे को जोड़ने वाला एक और लिंक एक्सप्रेसवे भरौली पुल के पास पहुंचेगा। इससे न सिर्फ बिहार प्रांत दोनों तरफ से जुड़ जाएगा बल्कि किसानों को अपना कृषि उत्पाद महानगरों में भेजने में सुगमता होगी।
जिलाध्यक्ष जयप्रकाश साहू ने पदाधिकारियों और मंडल अध्यक्ष से अधिकाधिक संख्या में पहुंचने का अपील की। राज्यसभा सांसद सकलदीप राजभर, विनोद शंकर दुबे, विजय बहादुर सिंह, राजधारी सिंह, शिवशंकर चौहान, संजय यादव, माधव प्रसाद, नकुल चौबे, संजय मिश्रा, सुरेंद्र सिंह, अमिताभ उपाध्याय, रामजी सिंह, मनोरमा गुप्ता, रंजना राय, आलोक शुक्ला, संजय यादव, सत्येंद्र सिंह, प्रमोद सिंह, अंजनी राय, प्रतुल ओझा, नीतू पांडेय, अश्वनी सिंह, संतोष पांडेय, पंकज सिंह आदि थे।