सुखपुरा। जिला प्रशासन द्वारा सीएचसी को अस्थाई जेल बनाने की घोषणा के बाद से परिसर की साफ-सफाई हेतु दर्जनों मजदूर दिन रात एक किए हुए हैं। पूरे परिसर में बिजली, पानी की मुकम्मल व्यवस्था की जा चुकी है। वहीं बाउंड्री वॉल का निर्माण भी शुरू है। बाउंड्री वॉल के संदर्भ में शुरू में बताया गया कि क्षतिग्रस्त बाउंड्री वाल को पूरी तरह गिरा कर नए सिरे से नया बाउंड्री वाल का निर्माण नये ईंट से किया जाएगा और पुराने ईटों का इस्तेमाल परिसर में खड़ंजा बनाने के प्रयोग में लिया जाएगा। लेकिन देखा जा रहा है कि पुराने ही बाउंड्री वाल के ऊपर 3-4 ईंट ऊपर और जोड़कर उसी को प्लास्टर किया जा रहा है। जहां पूरी तरह बाउंड्री धराशाई हो गया है और वहां की ईंट गायब है तो वहां नये ईंट से बाउंड्री वाल का निर्माण किया जा रहा है। निर्माण निगम ने ही सीएचसी का निर्माण शुरू किया था जो 8 वर्षों में भी पूरी तरह नहीं बन पाया और उसे स्वास्थ्य विभाग को सौंपा तक नहीं गया। यही वजह है कि आज तक सीएचसी का उद्घाटन तक नहीं हो पाया। अब जब जिला प्रशासन ने इसे अस्थाई जेल बना दिया है तो आनन-फानन में निर्माण निगम ने बिजली, पानी, साफ, सफाई आदि की व्यवस्था तो कर ही दी। अब क्षतिग्रस्त बाउंड्री वाल के मरम्मत का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है। रविवार तक इस अस्थायी जेल में कोई कैदी नहीं आया है। वैसे लगभग एक दर्जन पुलिस के जवान यहां पहुंच कर डेरा डाल चुके हैं। यहां गतिविधि देखने से ऐसा लग रहा है कि यथाशीघ्र यह अस्थाई जेल का रूप ले लेगा।