बलिया। बसों का सही दशा नहीं सुधारना एआरएम को भारी पड़ेगा। बसों में कमी पाए जाने पर संबंधित डिपो के एआरएम पर जुर्माना लगाया जाएगा। जुर्माने की राशि 500 रुपये तक हो सकती है। यह निर्देश परिवहन मुख्यालय की ओर से जारी किए गए हैं, जिसके चलते अब बलिया डिपो की बसों में कमियों को दूर करने का काम शुरू हो गया है।
परिवहन मुख्यालय की ओर से सभी डिपो को बसों की दशा सुधारने के निर्देश दिए हैं। परिवहन निगम की ओर से संचालित बसों की बॉडी कंडीशन, पेंट, विंड शील्ड, खिड़कियों के शीशे, फर्श की स्थिति, सीटों की दशा, डस्टीनेशन बोर्ड, स्टीकर, राइटिंग कार्य, रिफ्लेक्टिव टेप, साफ-सफाई आदि की गुणवत्ता अच्छी करने के बारे में कहा गया है।
बसों की दशा एक जनवरी 2023 तक सुधारने का समय दिया है। इसके बाद बसों में कमी मिलने पर संबंधित अधिकारियों पर जुर्माना लगाया जाएगा। वहीं, अनुबंधित बसों में कमी पाए जाने पर अनुबंधित बस स्वामियों पर भी जुर्माना लगेगा। बस में कमी पाए जाने पर अनुबंधित बस स्वामी को पहली बार 100 रुपये, दूसरी बार 500 रुपये, तीसरी बार 1000 रुपये जुर्माना लिया जाएगा। इसके बाद हर बार पकड़े जाने पर 2000 रुपये जुर्माना लगेगा।
बस में कमी मिलने पर मार्ग पर भेजने वाले ड्यूटी क्लर्क पर पहली बार 50 रुपये, दूसरी बार 100 रुपये, तीसरी बार 200 रुपये लिया जाएगा। वहीं बार-बार कमी मिलने पर हर बार 500 रुपये जुर्माना वसूला जाएगा। ऐसे ही एआरएम से जुर्माना लिया जाएगा।
एआरएम के निरीक्षण पर इन पर लगेगा जुर्माना
एआरएम की ओर से जांच में बसों में कमी पाए जाने पर चालक पर पहली बार 10 रुपये, दूसरी बार 20 रुपये और इसके बाद 40 रुपये लिए जाएंगे। इसके अलावा ग्रुप इंचार्ज, सीनियर फोरमैन, ड्यूटी क्लर्क से पहली बार 25 रुपये, दूसरी बार 50 रुपये और इसके बाद हर बार 100 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा।
वर्कशॉप में ठीक होने के लिए खड़ी हैं आठ बसें
बलिया वर्कशॉप में ठीक होने के लिए करीब आठ बसें खड़ी हुई हैं, जिन्हें ठीक किया जा रहा है। जिन बसों के शीशे टूट गए हैं, उनमें शीशे लगाए जा रहे हैं। वहीं, कुछ बसों में सर्विस और अन्य काम चल रहा है। वहीं, वर्कशॉप में रोजाना बसों में कमियों को दूर किया जा रहा है।
बलिया डिपो एआरएम उमाकांत मिश्रा ने बताया कि बलिया डिपो की सभी बसों को ठीक कराया जा रहा है। सभी बसों में शीशे लगे हुए हैं। इसके अलावा, रिफ्लेक्टिव टेप लगवा दिया गया है। मुख्यालय से जो निर्देश मिले हैं, उनका पालन किया जा रहा है।