लालगंज। दलन छपरा गांव में चल रहे चकबंदी प्रक्रिया में कर्मचारियों की मिली भगत से ग्राम समाज की भूमि को अपने नाम अंकित कराने के मामले में नया मोड आया। बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी सचेंद्र कुमार सिंह ने 50 एकड़ जमीन पर फर्जी तौर पर कब्जा जमाने वालों का नाम खारिज कर दिया। साथ ही भूमि काे ग्राम समाज के खाते में अंकित करने का आदेश दिया है। दलन छपरा गांव में लगभग 36 वर्षों से चल रही चकबंदी प्रक्रिया में लेखपालों व कानूनगो के साथ एसीओ व सीओ की मिलीभगत से लगभग 50 एकड़ जमीन पर कुछ लोगों ने अपना नाम दर्ज करा लिया था। करीब दो वर्ष पूर्व तत्कालीन सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त ने चकबंदी आयुक्त को पत्र लिखकर दलनछपरा में चकबंदी की जांच कराकर दुरुस्त करने को कहा था। चकबंदी आयुक्त के निर्देश पर बंदोबस्त अधिकारी सचेंद्र कुमार सिंह ने जांच कमेटी बनाकर एसीओ सुरेन्द्र यादव को जिम्मेदारी सौंपी। जिसके क्रम में जांच अधिकारी ने कागज में हेर फेर करने वालों तथा ग्राम समाज की भूमि को अपने नाम अंकित कराने वालों को नोटिस भेजकर सबूत उपलब्ध कराने का निर्देश दिया, लेकिन निर्धारित तिथि तक किसी ने कोई साक्ष्य उपलब्ध नहीं कराया। इसके बाद बंदोबस्त अधिकारी सचेंद्र कुमार सिंह ने सोमवार को 50 एकड़ जमीन से रसूखदारों का नाम खारिज करके ग्राम समाज के खाते में अंकित करा दिया।