सिकंदरपुर। क्षेत्र में घाघरा नदी का पानी लगातार धीमी गति से घटाव पर है। बावजूद इसके कटान दियारा के किसानों का पीछा नहीं छोड़ रहा है। पिछले दिनों अचानक आई बाढ़ से धान व गन्ना को छोड़कर किसानों की अन्य फसलें पूरी तरह नष्ट हो गई थी। अब जलस्तर के नीचे खिसकने से जगह-जगह कटान जोर पकड़ता जा रहा है। जमीन के बड़े बड़े टुकड़े कटकर धान व गन्ना की फसल के साथ नदी में समाहित होते जा रहे हैं। जिसने किसानों की रातों की नींद व दिन का चैन हराम कर दिया है। कटान ने दियारा खरीद व सिसोटार के मगही को निशाने पर ले लिया है, जहां पिछले दो दिनों में 30 डिस्मिल से ज्यादा उपजाऊ जमीन नदी ने अपने आगोश में ले लिया है। उधर बाढ़ के पानी के साथ बहकर आये जहरीले जंतु दियारा के सूखे भागों में विचरण करने लगे हैं। जिससे किसान भयभीत हैं कि वह कभी भी उनका शिकार हो सकते हैं। उधर, खेतों व रास्तों पर बाढ़ का पानी भरा होने के कारण बिहार और यूपी के लोगों को अभी भी आने जाने के लिए फजीहत झेलनी पड़ रही है।