बलिया। अगर आप ग्रामीण इलाके के निवासी हैं और उत्पादन या सेवा के क्षेत्र में स्वरोजगार करना चाहते हैं तो उत्तर प्रदेश खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा संचालित प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना (पीएमईजीपी) आपके लिए फायदेमंद है। योजना में बैंक से ऋण लेने पर न सिर्फ 35 प्रतिशत तक अनुदान मिलेगा बल्कि तीन साल तक ब्याज भी नहीं देना होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार स्थापित करने के इच्छुक बेरोजगार व्यक्तियों व परंपरागत कारीगरों (जिनकी आयु 18 वर्ष से अधिक है) को 25 लाख रुपये तक की उत्पादन इकाई तथा 10 लाख रुपये तक सेवा उद्योग को स्थापित करने के लिए बैंकों से उपलब्ध ऋण उपलब्ध कराया जाता है। इसके तहत सामान्य वर्ग पुरुष लाभार्थी को 25 प्रतिशत तथा आरक्षित वर्ग के लाभार्थियों को 35 प्रतिशत एक मुश्त मार्जिन मनी (सशर्त अनुदान) दी जाती है। जिला ग्रामोद्योग अधिकारी आरएस प्रजापति ने बताया कि पांच अगस्त तक योजना के लिए kviconline.gov.in/pmegp के e-portal पर जाकर के KVIB विकल्प के चयन सहित ऑनलाइन आवेदनपत्र भरा जा सकता है। ऑनलाइन ऋण आवेदन की प्रिंटआउट प्रति सहित समस्त आवश्यक कागजात की छाया प्रतियों की हार्ड कापी जिला ग्रामोद्योग अधिकारी कार्यालय में जमा करना अनिवार्य है।