बलिया। जिले के 10 गांवों को मॉडल ओडीएफ बनाने की प्रक्रिया शुरू की गई है। पहले चरण में पांच हजार से अधिक आबादी वाले 164 गांवों को मॉडल ओडीएफ के लिए चिह्नित किया गया है। इसमें 693.73 लाख रुपये की लागत आएगी। इस कार्य में 30 फीसदी धनराशि संबंधित ग्राम पंचायत की निधि से खर्च की जाएगी।
स्वच्छ भारत अभियान के तहत ‘मेरा गांव स्वच्छ गांव’ अब धरातल पर उतरेगा। इसके तहत प्रत्येक राजस्व ग्राम में सामुदायिक सोख्ता गड्ढों, प्लास्टिक एकत्रीकरण केंद्र का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा, गांवों में ठोस और तरल अपशिष्ट प्रबंधन किया जाना है। शासन ने जिले के गांवों को स्वच्छ रखने और कूड़ा प्रबंधन के लिए बुलंदशहर जिले के गांव शहजादपुर कनैनी मॉडल के तहत कार्य कराने का निर्देश जारी किया है। करीब चार माह पहले पंचायती राज विभाग के 40 कर्मियों का दल शहजादपुर कनैनी मॉडल को परखने के लिए गया था ताकि निर्माण को गति दी जा सके। अब पंचायती राज विभाग ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत प्रक्रिया तेज कर दी है। पहले चरण में विभाग ने 10 गांवों में ठोस और तरल कूड़ा प्रबंधन के लिए संयंत्र लगाने के लिए कुल 693.73 लाख की कार्ययोजना शासन को भेजी थी, जो स्वीकृत हो चुकी है। शासन की ओर से धन का आवंटन भी कर दिया गया है। जिला पंचायत राज अधिकारी की माने तो ग्रामवार कार्ययोजना के सापेक्ष 30 फीसदी धनराशि संबंधित ग्राम पंचायत की निधि से खर्च की जाएगी। जल्द ही इन गांवों में कूड़ा प्रबंधन से संबंधित कार्य शुरू कराया जाएगा। इसे लेकर प्रक्रिया चल रही है।