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Bahraich News: मुंबई में मजदूरी करने गए बहराइच के दो युवा बन गए शूटर

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मुंबई में बाबा सिद्दीकी की हत्या के आरोपी के कैसरगंज के गंडारा में शिवा गौतम के मकान पर बिलखती
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-मुंबई के चर्चित एनसीपी नेता बाबा सिद्दीक हत्याकांड में शामिल हैं कैसरगंज कोतवाली के गंडारा निवासी शिवा गौतम व धर्मराज कश्यप-सामान्य परिवार से संबंधित हैं दोनों शूटर, मजदूरी से चलता है परिवार
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-एक ही गांव के रहने वाले हैं दोनों शूटर, नहीं है कोई आपराधिक रिकॉर्ड
संवाद न्यूज एजेंसी
बहराइच। मुंबई में एनसीपी शरद पवार गुट के नेता व पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी की शनिवार रात हुई हत्या में बहराइच के कैसरगंज कोतवाली के गंडारा निवासी धर्मराज व शिवा का नाम सामने आया है। धर्मराज को मुंबई पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। शिवा गौतम फरार है। दोनों सामान्य गरीब परिवार से हैं। पुलिस के मुताबिक उनका आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है। रविवार सुबह परिजनों से पूछताछ हुई। घटना की जानकारी होने पर दोनों परिवार सदमे में हैं। ग्रामीणों को विश्वास नहीं हो रहा कि मजदूरी करने गए दोनों युवक शूटर बन गए हैं।

छह भाई-बहनों में दूसरे नंबर पर है शिवा
हत्याकांड में फरार शिवा गौतम छह भाई-बहनों में दूसरे नंबर का है। उससे बड़ी बहन पूजा (24) है, जिसका विवाह हो चुका है। शिवा (20) और पिता बालकिशुन उर्फ ननकुन्ने पर परिवार के भरण पोषण की जिम्मेदारी है। बालकिशुन मजदूरी करते हैं। पूजा और शिवा के बाद घर में पार्वती (17), सत्यम (15), सुंदरम (11) व दुर्गा (09) हैं।
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खराब है धर्मराज के परिवार की आर्थिक
स्थिति

हत्या के दूसरे आरोपी धर्मराज कश्यप की माली हालत खराब है। पिता राधेश्याम मछली बेचकर परिवार चलाते थे, लेकिन आंखों से कम दिखने के कारण वह भी बंद है। धर्मराज के बड़े भाई शिवाजीन (31), सुखराम (29) व गोली (26) की शादी हो चुकी है। तीनों मां-बाप से अलग रहते हैं। अनुराग (24) व धर्मराज (19) की अभी शादी नहीं हुई है। ये दोनों माता-पिता के साथ रहते हैं। परिवार का काम मजदूरी से ही चलता है।

तीन वर्ष पहले गया था पुणे, करता था कबाड़ का काम
मां सुमन ने बताया कि तीन वर्ष पहले शिवा पुणे गया था। वहां हरीश नाम के लड़के के साथ कबाड़ का काम करता था। होली में घर आया था और उसके बाद वह नहीं आया। करीब 8-9 दिन पहले फोन आया था। तब उसने तीन हजार रुपये भेजे थे।

दो माह पहले धर्मराज गया मुंबई
धर्मराज की मां कुसुमा ने बताया कि वह यहीं रहकर मजदूरी करता था। दो माह पहले मुंबई चला गया। तब से उसने कोई फोन नहीं किया। मां ने रोते हुए बताया कि धर्मराज ऐसा नहीं है। बहुत सीधा है। पता नहीं कैसे गलत संगत में आ गया।
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पूछताछ में जुटी पुलिस
एसपी वृंदा शुक्ला ने बताया कि हत्या में शामिल धर्मराज व शिवा गौतम का कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। उनके परिजनों से पूछताछ की जा रही है।

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