बहराइच। मेडिकल कॉलेज के अचल प्रशिक्षण केंद्र में बुधवार को आशा कार्यकर्ताओं को शिशु में खतरे के शुरुआती लक्षण पहचानने और घर पर देखभाल के तरीके सिखाए गए। डीसीपीएम मोहम्मद राशिद ने बताया कि बीमार शिशुओं के लक्षणों की पहचान के लिए आशा कार्यकर्ताओं को तापमान नापने के लिए डिजिटल थर्मामीटर, वजन मशीन, सांसों की गिनती के लिए डिजिटल घड़ी, शिशुओं को लपेटने का तरीका सिखाने के लिए कंबल, टार्च, मां को ऊपरी आहार देने के तरीकों को सिखाने के लिए कटोरी चम्मच दिया गया है। इसका उपयोग आशा कार्यकर्ता गृह भ्रमण के दौरान नवजात शिशु की देखभाल के लिए करती हैं। प्रशिक्षक चंद्रेश्वर पाठक ने कंगारू मदर केयर के बारे में और जुगुल किशोर चौबे ने नवजात को कंबल में लपेटने का तरीका व एक मिनट में सांसों की गिनती करने का तरीका सिखाया। जिला स्वास्थ्य, शिक्षा व सूचना अधिकारी बृजेश सिंह ने बताया कि जिले की 250 आशाओं को 9 अलग-अलग बैचों में प्रशिक्षित किया जा रहा है।