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सत्ता का संग्राम: मटेरा विधानसभा में चुनाव से पहले जनता का क्या है मूड, देखिए रिपोर्ट

Fri, 02 Oct 2026 12:53 PM IST
अनुज कुमार अमर उजाला नेटवर्क, बहराइच

सार

उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए समाजवादी पार्टी अपनी खोई जमीन वापस पाने, वहीं भाजपा लगातार तीसरी बार सत्ता में आने का जोर लगा रही है। इसी कड़ी में अमर उजाला की टीम ने बहराइच जिले की मटेरा विधानसभा सीट पर लोगों से बातचीत की।
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सत्ता का संग्राम - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव होने हैं। सभी छोटे-बड़े दल अपने समीकरण साधने में जुट गए हैं। समाजवादी पार्टी अपनी खोई जमीन वापस पाना चाहती है, वहीं भाजपा लगातार तीसरी बार सत्ता में आने का प्रयास कर रही है। अमर उजाला ने 'सत्ता का संग्राम' अभियान चलाया है। इसका उद्देश्य भाजपा सरकार के कामकाज, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार पर जनता की राय जानना है। इस अभियान के तहत अमर उजाला की टीम सभी विधानसभाओं में जाकर लोगों से बात कर रही है। इसी कड़ी में टीम ने बहराइच जिले की मटेरा विधानसभा सीट का जायजा लिया।

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मटेरा की जनता सपा विधायक के काम से कितना संतुष्ट?
मटेरा विधानसभा क्षेत्र में मतदाताओं के बीच मौजूदा विधायक के प्रति गहरी नाराजगी है। लोग विकास कार्यों की कमी और सड़कों की खराब हालत से परेशान हैं। युवाओं का कहना है कि विधायक 10 साल से केवल हिंदू-मुस्लिम राजनीति के आधार पर जीत रही हैं। वे क्षेत्र के मुद्दों को सदन में उठाने में भी विफल रही हैं। मतदाता अब बदलाव की उम्मीद कर रहे हैं और एक नए उम्मीदवार की तलाश में हैं। मटेरा के निवासी अमित कुमार साहू ने बताया कि उनकी विधायक लापता हैं। उनका आरोप है कि विधायक 10 साल से केवल हिंदू-मुस्लिम के आधार पर चुनाव जीत रही हैं। मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्र होने के कारण वे सीट पर कब्जा जमाए हुए हैं। लोगों का कहना है कि विकास के नाम पर मटेरा विधानसभा में कुछ नहीं हुआ है। बाजार से तीन किलोमीटर के दायरे में भी सड़कों की हालत बेहद खराब है। विधायक विधानसभा में अपने क्षेत्र की बात ठीक से नहीं रख पाती हैं। उनके आधे शब्द गलत होते हैं और वे अपनी बात पूरी नहीं कर पातीं। लोग मटेरा में बदलाव चाहते हैं।



मटेरा विधानसभा में कितना विकास?
'सत्ता का संग्राम' कार्यक्रम के तहत अभिलाषा पाठक उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले के मटेरा विधानसभा क्षेत्र पहुंची। उन्होंने स्थानीय युवाओं से विकास, रोजगार और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों पर बात की। मटेरा सीट बीजेपी के लिए कठिन मानी जाती है, जहां उसे पिछले तीन चुनावों में हार मिली है। पिछली बार मारिया शाह 12 हजार से अधिक वोटों से जीती थीं। कुछ युवाओं ने कहा कि पिछले पांच साल में क्षेत्र में कोई बदलाव नहीं आया है। सड़कें खराब हैं और रोजगार की कमी है, जिससे युवा परेशान हैं। इन युवाओं की शिकायतें हैं। पहले मतदान करने वाले एक युवा ने कहा कि मटेरा की तस्वीर नहीं बदली है। उनका मानना है कि जब तक सपा की विधायक रहेंगी, तब तक क्षेत्र का विकास मुश्किल है। उन्होंने इस बार स्थानीय बीजेपी नेता को जिताने की इच्छा व्यक्त की। पहली बार मतदान करने वाले युवा भी विकास को अपना मुख्य मुद्दा मानते हैं। वे पहले अपने स्थानीय मुद्दों को सुधारना चाहते हैं, फिर केंद्रीय स्तर के मुद्दों पर ध्यान देंगे।
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मटेरा में बीजेपी के नेता क्यों चाहते हैं मुस्लिम वोटर्स?
अभिलाषा पाठक के तहत 'सत्ता काम्बैट' कार्यक्रम मटेरा विधानसभा क्षेत्र का उपनगर है। उन्होंने आगामी 2027 के चुनाव पर स्थानीय व्यापारी वर्ग और मुस्लिम आबादी से चर्चा की। स्कूल ने विकास, स्थानीय नेतृत्व और सरकार की परिभाषा पर अपनी राय व्यक्त की। मोहम्मद अशफाक जैसे अल्लाह मुस्लिम ने कहा कि वे इस बार बीजेपी की तरफ जा सकते हैं। उनका कहना है कि योगी सरकार की मंजूरी से उन्हें बहुत फायदा मिलता है। राशन, कानून-व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा जैसी मांगें उन्हें मिल रही हैं। एक के पिता का आयुष्मान कार्ड से इलाज हुआ, जबकि दूसरे के पिता का इलाज हुआ। हालाँकि, स्थानीय नेता मारिया शाह के पद से वे मुखातिब हुए। फ़्लोरिडा ने कहा कि 5-10 साल के विधायकों में कभी-कभी चेहरा नहीं दिखता और ज़रूरत नहीं होती। मटेरा में सामाजिक आश्रम अच्छा है, जहां हिंदू-मुस्लिम सभी त्योहार एक साथ रहते हैं। वे बाहरी नहीं, बल्कि मटेरा के ही स्थानीय नेता हैं।



मटेरा विधानसभा के लोगों ने बताया योगी सरकार में हुआ कितना विकास?
'सत्ता का संग्राम' कार्यक्रम के तहत अभिलाषा पाठक मटेरा विधानसभा क्षेत्र पहुंची। उन्होंने स्थानीय लोगों और व्यापारी वर्ग से आगामी चुनाव पर बात की। इस दौरान विकास, कानून-व्यवस्था और स्थानीय नेतृत्व जैसे मुद्दे प्रमुखता से सामने आए। आयुष अग्रवाल ने बताया कि मोदी सरकार और योगी सरकार ने सौभाग्य योजना के तहत घर-घर बिजली पहुंचाई है। उन्होंने कहा कि मटेरा में हिंदू-मुस्लिम भाईचारा अच्छा है और सभी को सरकारी योजनाओं का लाभ मिलता है। अग्रवाल ने आरोप लगाया कि वर्तमान विधायक यासर मारिया शाह 4 साल बाद चुनाव के समय क्षेत्र में आई हैं। उन्होंने कहा कि पिछले 10 साल से सपा का विधायक होने के बावजूद क्षेत्र में कोई काम नहीं हुआ। एक मतदाता ने बताया कि विधायक ने सड़क बनवाने से मना कर दिया क्योंकि वहां उनके वोटर नहीं थे। योगी सरकार के कार्यों पर उन्होंने कोरोना काल में मुफ्त अनाज वितरण और कोविड वैक्सीन के निर्माण को गिनाया। उन्होंने कहा कि योगी सरकार ने ऑक्सीजन की कमी को दूर किया और स्वास्थ्य सेवाओं को संभाला। अग्रवाल ने कहा कि बीजेपी पर हिंदू-मुस्लिम राजनीति का आरोप गलत है, क्योंकि सरकार गलत करने वाले किसी को नहीं छोड़ती।



बहराइच के मटेरा में किसानों ने बताया सरकार में कितना मिला लाभ
'सत्ता का संग्राम' कार्यक्रम के तहत अभिलाषा पाठक ने मटेरा विधानसभा क्षेत्र के करौंदा गांव का दौरा किया। उन्होंने तेज बारिश और जलभराव के बीच स्थानीय किसानों और मजदूरों से बात की। इस दौरान लोगों ने योगी सरकार की योजनाओं और स्थानीय विधायक के कामकाज पर अपनी राय रखी। कुछ ग्रामीणों ने योगी सरकार से प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने बताया कि राशन और किसान निधि जैसी योजनाएं घर-घर पहुंच रही हैं। सरकार की व्यवस्था अच्छी है। राम नरेश यादव ने बताया कि पिछले पांच साल में गांव में कोई विकास नहीं हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में प्राइमरी स्कूल हैं और पढ़ाई-लिखाई की अच्छी सुविधा है। ग्रामीणों ने स्थानीय क्षेत्र के विकास की मांग की। एक बाहर रहने वाले व्यक्ति ने गांव की खराब सड़कों पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि बारिश में सड़कें दलदल बन जाती हैं और कोई सुनवाई नहीं होती। 





 
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