बहराइच। भीषण गर्मी में जिले की विद्युत व्यवस्था धराशायी हो गई है। कई इलाकों में जर्जर तारों से हो रही बिजली आपूर्ति को तेज हवा के झोंकों ने रोक दिया है। पारा बढ़ने के साथ ट्रांसफार्मर भी दगा देने लगे हैं। हर तरफ बिजली, पानी को लेकर हाय तौबा मची हुई है। गुरुवार को भी जिले में शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली के आवाजाही का सिलसिला चलता रहा। विभागीय कर्मी विद्युत व्यवस्था दुरुस्त कराने में हांफते नजर आए।
जिले की बिजली व्यवस्था करीब 15 दिनों से बेपटरी है। सरकार द्वारा गर्मी में पर्याप्त बिजली आपूर्ति कराने का दावा जिले में हवा-हवाई दिखाई दे रहा है। शहर क्षेत्र के बिजली आपूर्ति का रोस्टर 24 घंटे का है लेकिन यहां 14 से 16 घंटे ही बिजली आपूर्ति मिल रही है। आपूर्ति का आलम है यह है कि हर एक व आधे घंटे के अंतराल पर बिजली कटौती होती रहती है। गुरुवार को भी सुबह से शुरू हुई बिजली की आवाजाही ने लोगों को भीषण गर्मी में बेहाल कर दिया है। लोगों के सामने पेयजल की समस्या बनी हुई है।
रूपईडीहा नगर पंचायत में 22 घंटे विद्युत आपूर्ति का रोस्टर है। यहां भी करीब 14 से 15 घंटे की विद्युत आपूर्ति हो रही है। भीषण गर्मी के प्रकोप व तेज हवा के झोंके से विद्युत लाइनें अक्सर टूटकर गिर रही हैं। जिससे कई-कई घंटों वार्डों की बिजली आपूर्ति ठप हो जाती है। कई मोहल्लों में आए दिन ओवरलोड से ट्रासंफार्मर भी जल रहे हैं। नगर पंचायत क्षेत्र में लो-वोल्टेज की समस्या बनी रहती है। ऐसे में उपभोक्ताओं के पंखे, कूलर समेत अन्य बिजली के उपकरण ठप पड़े रहते हैं।
गुरुवार को बाधित बिजली व्यवस्था के कारण पेयजल के लिए लोगों को परेशान होना पड़ा। विकासखंड तेजवापुर में 18 घंटे तक आपूर्ति का रोस्टर जारी है। लेकिन गुरुवार को विकासखंड में महज 10 घंटे तक ही बिजली आपूर्ति हो सकी। बाधित विद्युत व्यवस्था के चलते क्षेत्र की करीब 20 हजार से अधिक आबादी को भीषण गर्मी में कई घंटों तक बिजली पानी के लिए परेशान होना पड़ा।
गनियापुर गांव निवासी रामेंद्र मणि त्रिपाठी व बेड़नापुर निवासी रियाज अहमद का कहना है कि विभाग द्वारा तेज हवा के नाम पर सुबह नौ बजे से आपूर्ति ठप कर दी जाती है। जिससे लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है।
चार दिनों से ठप बिजली आपूर्ति
थाना खैरीघाट के ग्राम पंचायत फत्तेपुरवा के मजरा मरमट में बीते सोमवार को विद्युत लाइन जल गई थी। चार दिन बाद इसे दुरुस्त नहीं कराया गया। गांव की करीब दो सौ से अधिक आबादी बिजली पानी के लिए लेकर तरस रही है। विकासखंड हुजूरपुर 18 घंटे के सापेक्ष महज आठ घंटे ही बिजली आपूर्ति की जा रही है। लगातार दस घंटे की हो रही बिजली कटौती से विकास खंड के व्यापारी, छात्र, किसान सभी इस भीषण गर्मी में परेशान है। करीब एक लाख से अधिक की आबादी प्रभावित है। अवर अभियंता गजेंद्र मौर्या का कहना है कि दिन में तेज हवा के चलते आपूर्ति ठप करनी पड़ती है।
तेज हवा से गिरा गिरा पेड़, आपूर्ति ठप
रिसिया नगर पंचायत में गुरुवार को अस्पताल मार्ग पर एक पेड़ तेज हवा के चलते बिजली के तार पर गिर गया। जिससे तार टूट गया। विद्युतकर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद पेड़ की डाल को काटकर हटवाया। इसके बाद करीब डेढ़ घंटे के बाद बिजली आपूर्ति शुरू हो सकी।
लोड बढ़ने से परेशानी
तापमान लगातार बढ़ने के साथ बिजली की मांग बढ़ने लगी है। ऐसे में ब्रेकडाउन होने से बिजली की कटौती की जा रही है। समस्या का निस्तारण कराने को लेकर कर्मचारी जुटे हुए हैं। शीघ्र ही समस्या का निस्तारण किया जाएगा।
- सुरेश कुमार, अधीक्षण अभियंता विद्युत