श्रावस्ती। चकवा निवासी किसान पर सोमवार रात सांड़ ने हमला बोल दिया। इससे किसान गंभीर रूप से घायल हो गया। मेडिकल कॉलेज बहराइच ले जाते समय रास्ते में उसकी मौत हो गई। परिवार के लोगों ने पुलिस को सूचना दिए बिना शव का अंतिम संस्कार कर दिया है।
भिनगा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम चकवा निवासी किसान लाल बहादुर यादव (45) पुत्र बाबादीन सोमवार रात अपने गेहूं का खेत देखने गया था। जहां से लौटते समय रास्ते में मौजूद सांड़ ने उस पर हमला कर दिया। इस दौरान बगल के खेतों में मौजूद किसानों ने किसी तरह सांड़ को भगाया। सूचना पर पहुंचे परिवार के लोग उसे संयुक्त जिला चिकित्सालय भिनगा लाए। जहां हालत गंभीर होने के कारण चिकित्सक ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे मेडिकल कॉलेज बहराइच रेफर कर दिया। रास्ते में किसान की मौत हो गई। इस बारे में प्रभारी निरीक्षक भिनगा महिमा नाथ उपाध्याय का कहना है कि उन्हें घटना की कोई सूचना नहीं है।
पोस्टमार्टम कराते तो मिलती मदद
शासन की ओर से सांड़ व वनरोज के हमले में होने वाली मौत को राज्य आपदा की श्रेणी में रखा गया है। ऐसी मौत के मामलों में पोस्टमार्टम कराने पर मृतक आश्रित को आपदा राहत कोष से चार लाख रुपये की सहायता दी जाती है। साथ ही मृतक किसान है और उसके नाम से कृषि भूमि है तो पांच लाख रुपये किसान दुर्घटना बीमा का लाभ अलग से मिलता है। किसान के परिजनों ने पोस्टमार्टम या पंचनामा कराया होता तो उसे लाभ जरूर मिलता। -अरुण कुमार मिश्र, आपदा सलाहकार