बहराइच। पयागपुर थाना क्षेत्र के बहराइच-गोंडा मार्ग पर खुटेहना के पास पैदल जा रही बुजुर्ग महिला को बाइक सवार ने टक्कर मार दी। गंभीर रुप से घायल महिला को इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज लाया गया, जहां इलाज के दौरान महिला की मौत हो गयी। वहीं पोस्टर्माम करवाने आए परिजनों ने आरोप लगाया कि दुर्घटना करने वाले को पुलिस के हवाले कर दिया गया था, लेकिन पुलिस ने तहरीर बदलवाकर अज्ञात चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
पयागपुर थाना क्षेत्र के खुटेहना गांव निवासी रामकली (64) मंगलवार की शाम बाजार से खरीददारी करने जा रही थी। इसी दौरान बहराइच-गोंडा मार्ग पर पीछे से आ रहे बाइक सवार ने उन्हें टक्कर मार दी। जिससे रामकली गंभीर रुप से घायल हो गयी। परिजनों ने उन्हें इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। जहां इलाज के दौरान बुजुर्ग की मौत हो गयी। मृतका का पोस्टमार्टम करवाने आए बेटे उमेश कुमार ने आरोप लगाते हुए बताया कि हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने चालक को बाइक समेत पकड़ लिया था और खुटेहना चौकी प्रभारी को सौंप दिया गया था।
उन्होंने आरोप लगाया कि मां के मौत के बाद जब उन्होंने इसकी सूचना खुटेहना चौकी प्रभारी को दी तो उन्होंने चालक को बाइक समेत पयागपुर थाना भेज दिया। वहीं जब पयागपुर थाना पहुंचे तो वहां चालक नहीं था। उमेश ने यह भी आरोप लगाया कि पयागपुर थाना प्रभारी ने उनकी तहरीर को बदलवा दिया और अज्ञात चालक के खिलाफ तहरीर लिखने को कहा जबकि उन लोगों ने आरोपी चालक को पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया था। इस संबंध में जब थाना प्रभारी राजकुमार पांडेय से बात की गयी तो उन्होंने बताया कि परिजनों ने चालक का नाम नहीं बताया था। चालक भी चोटिल था इसलिए वह इलाज करवाने चला गया। नाम न पता होने के चलते अज्ञात के खिलाफ एफआईआर लिखी गयी है। लेकिन अब सवाल यह उठ रहा है, कि इतनी देर थाने में रहने के बाद भी पुलिस ने आरोपी चालक को बिना नाम पता जाने छोड़ कैसे दिया।