आनंदनगर बड़खड़िया गांव में ग्रामीणों के साथ बैठक करते डीएफओ।
बिछिया। आनंदनगर बरखड़िया के ग्रामीणों से बृहस्पतिवार को कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग के डीएफओ ने संवाद किया। हाल में तेंदुए के हमले में बालक राजवीर की मौत और मवेशियों पर लगातार हमलों से गांव में दहशत थी। डीएफओ ने गोष्ठी में ग्रामीणों को वन्यजीवों से बचाव के उपाय बताए। उन्होंने मवेशी हानि के मुआवजे की प्रक्रिया आसान करने का भरोसा दिया। डीएफओ ने ग्रामीणों को अकेले जंगल न जाने, बच्चों को शाम के बाद बाहर न निकलने और रात में बाहर न सोने की सलाह दी। मानव-वन्यजीव संघर्ष कम करने के लिए विभाग ने सोलर स्ट्रीट लाइट लगवाई है। तेंदुए को पकड़ने के लिए गांव के पास पिंजरा भी लगाया गया है। मवेशियों के मुआवजे की प्रक्रिया सरल करने के निर्देश क्षेत्रीय रेंजर को दिए गए हैं। ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं बताईं, जिस पर डीएफओ ने समाधान का भरोसा दिलाया। इस दौरान क्षेत्रीय वन अधिकारी आशीष गौड़ और डिप्टी रेंजर मयंक पांडेय भी मौजूद थे।