प्रेम विवाह के सात साल बाद पत्नी से विवाद पर पति ने उसकी हत्या कर दी। घुमाने के बहाने होटल में ले जाकर उसकी गला दबाकर हत्या कर दी और दो बच्चों को लेकर भाग निकला। होटल प्रबंधक के संदेह पर पुलिस ने कमरा खोला तो महिला का शव मिला। छानबीन के दौरान पुलिस ने हत्या के आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया।
कोतवाली देहात क्षेत्र में ग्राम दुलम्हा गनियापुर निवासी सौरभ श्रीवास्तव (29) पुत्र सुरेश श्रीवास्तव महसी तहसील के चुनाव कार्यालय में संविदा पर कंप्यूटर आपरेटर है। गत गुरुवार को सौरभ का पत्नी पूजा उर्फ अलका (26) से विवाद हुआ था। परिवार के लोगों ने किसी तरह विवाद को शांत कराया। वह शुक्रवार को पत्नी को घुमाने के लिए लखनऊ ले गया।
बड़ी बेटी मानवी (7) व पुत्र प्रांजल (5) भी साथ था। लखनऊ घूमने के बाद शनिवार रात सभी बहराइच लौटे और रोडवेज के निकट सीओ सिटी आवास के सामने स्थित बहराइच होटल में ठहरे। प्रबंधक अनस के मुताबिक दूसरे दिन जरूरी काम की बात कहकर कमरा नहीं छोड़ा। शाम चार बजे के करीब सौरभ अपने बेटे और बेटी को बाजार टहलाने निकला।
रात 11 बजे तक नहीं लौटा। इस पर प्रबंधक को संदेह हुआ। वह सौरभ के कमरे तक गया लेकिन वह बंद था। इस पर पुलिस को सूचना दी। सीओ सिटी विजय शंकर मिश्र व प्रभारी निरीक्षक जेएन शुक्ल मौके पर पहुंचे। कमरा खोला गया तो अंदर सौरभ की पत्नी पूजा मृत हालत में बेड पर पड़ी मिली। उसके गले पर दबाव के निशान थे।
सीओ ने बताया कि गला दबाकर हत्या किए जाने का संदेह है। होटल में दर्ज सौरभ के पते पर छानबीन में पता चला कि उसका पत्नी से विवाद था। पुलिस ने मंगलवार सुबह शहर में एक रिश्तेदार के घर छापा मारकर सौरभ को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के सामने उसने पत्नी की हत्या की बात स्वीकार की।
सौरभ का कहना है कि पूजा बार-बार मायके जाने की जिद करती थी। उसे यह पसंद नहीं था। उधर बेटी की हत्या की सूचना पर मृतका के पिता रामसरन श्रीवास्तव निवासी भिलौराबासू फखरपुर सपरिवार कोतवाली नगर पहुंचे हैं। बताया कि साल भर से उसकी बेटी को प्रताड़ित किया जा रहा था। पुलिस ने आरोपी सौरभ को जेल भेज दिया है।
उधर ससुराल वालों ने पूजा के शव का अंतिम संस्कार करने की इच्छा जताई जिसका मायके के लोगों ने विरोध दिया। इस पर विवाद की स्थिति बन गई। अंत में पुलिस ने शव मृतका के मायके वालों के सुपुर्द कर दिया।