महसी में गांव के पास निकट एक बाग में गुरुवार रात किसी घटना के मंसूबे से एकत्र बदमाशों के बारे में भनक लगने पर ग्रामीणों ने घेर लिया। खुद को घिरता देख बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी।
इस पर ग्रामीणों ने भी लाइसेंसी बंदूक से फायरिंग की। काफी संख्या में एकत्र ग्रामीणों के साहस को देख बदमाशों को उल्टे पांव घाघरा के कछार की ओर भागना पड़ा। घटना से ग्रामीणों में दहशत है।
बौंडी थानान्तर्गत ग्राम बिसवां के पूरब विक्रम की बाग है। गुरुवार रात करीब 11 बजे राजेश कुमार नित्यक्रिया के लिए बाग की ओर गया था। उसने बाग में रुक-रुक कर रोशनी देख निकट पहुंचा तो कई लोगों की आवाजें सुनाई पड़ा। पेड़ की ओट से बाग में जमा लोगों की बातचीत सुनी तो पता चला कि गांव में लूटपाट के मंसूबे से बदमाश एकत्र हुए हैं।
इस पर राजेश ने भागकर गांव के लोगों को जानकारी दी। ग्रामीणों ने बदमाशों को खदेड़ने की तैयारी की। लाठी-डंडा व लाइसेंसी बंदूक लेकर ग्रामीणों ने बाग को घेरकर अंदर बैठे बदमाशों को ललकारा। अपने आप को ग्रामीणों से घिरा देख बदमाशों ने फायरिंग कर दी। दूसरी तरफ से ग्रामीणों ने बंदूक से फायर किया।
यह देख बदमाश उल्टे पांव घाघरा की कछार की ओर भाग निकले। सूचना पर थानाध्यक्ष शुभ सूचित वर्मा मौके पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को सजग रहने के निर्देश दिए। बदमाशों को पकड़ने के बजाय थानाध्यक्ष ने ग्रामीणों को यह समझाने का प्रयास किया कि अधिकारी पूछेंगे तो फायरिंग की बात मत बताना। कहना गोला दगा है।