बौंडी (बहराइच)। महसी तहसील क्षेत्र के हजारों गन्ना किसान पारले चीनी मिल में अपना गन्ना बेचते हैं। लेकिन इस बार गन्ना पर्ची न मिलने से किसान गन्नों की कटाई नहीं कर पा रहे। किसानों का आरोप है कि मिल कर्मचारी मनमानी कर रहे हैं और अपने चहेतों को पर्ची दे रहे हैं।
हालत ये है कि आधा दिसंबर बीतने वाला है और गन्ना खेत में सूख रहा है लेकिन किसानों का दर्द समझने वाला कोई नहीं।
मिल में गन्ना बेचने वाले बैकुंठा निवासी गन्ना किसान राजित राम, रामराज, बौंडी निवासी मनीराम, राम धीरज, राम फेरे आदि ने बताया कि उन सभी ने 10 से 12 बीघे में गन्ने की फसल लगाई है। जिसे बेचने के लिए मिल के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन मिल की ओर से अभी तक गन्ना पर्ची नहीं दी गई।
वहीं बौंडी निवासी किसान श्याम लाल ने आरोप लगाते हुए बताया कि क्षेत्र के 50 प्रतिशत छोटे किसानों में से सिर्फ एक दो को ही पर्ची मिली है। पहले ही मिल देरी से शुरू हुई है और अब पर्ची नहीं मिल रही। इससे तो छोटे किसान हाशिए पर आ जाएंगे।
सभी चीजें पारदर्शिता के लिए ऑनलाइन कर दी गई हैं। कैलेंडर के हिसाब से किसानों को उनके मोबाइल पर पर्ची भेजी जा रही है। चीनी मिल पूरी क्षमता के साथ चल रही है और प्रतिदिन पर्ची भेजी जा रही है। किसान कलेंडर चेक करते रहें। अगर कोई असुविधा हो रही है तो मेरे कार्यालय पर आ सकते हैं।