बहराइच। सपा के संस्थापक मुलायम सिंह यादव का बहराइच से भी करीबी नाता रहा है। यहां से मंत्री रहे कद्दावर नेता दिवंगत डॉ. वकार अहमद शाह से उनकी दोस्ती जग जाहिर थी। वहीं, अस्सी के दशक में नेताजी ने यहां मिनी बस पर सवार होकर चुनाव प्रचार किया था। तब भिनगा और कैसरगंज में मिनी बस से ही जाकर उन्होंने जनसभा की थी।
लोकदल के साथ राजनीतिक पारी की शुरुआत करने वाले मुलायम सिंह यादव ने बहराइच में पार्टी की जड़ें मजबूत करने के लिए कड़ी मेहनत की थी। बाद में जनसंघ के कई पुराने साथियों का साथ भी उन्हें हासिल हुआ। इनमें पूर्व मंत्री कृष्ण बहादुर मिश्रा, सैयद साकिर अब्बासी, पूर्व विधायक रामतेज यादव और अनवर अजीज समेत कई नेता रहे। पूर्व विधायक रामतेज यादव बताते हैं कि बात वर्ष 1980 की है। चुनाव प्रचार के दौरान यहां आए मुलायम सिंह यादव कार्यकर्ताओं की भीड़ देख मिनी बस पर सवार हो गए और भिनगा पहुंचकर कृष्ण बहादुर मिश्र के लिए सभा को संबोधित किया था। मुलायम प्रत्येक कार्यकर्ता से सीधे मिलते थे। सपा जिलाध्यक्ष रामहर्ष यादव बताते हैं कि नेताजी हर दल के नेता थे। उन्हें जिले से काफी लगाव था।
बात वर्ष 2007 की है। मुलायम सिंह यादव मुख्यमंत्री थे। उसी समय बहराइच में एक जिला पंचायत सदस्य की हत्या हो गई थी। मामले में सपा के ही एक नेता को नामजद कर दिया गया था। पूर्व मंत्री दिवंगत डॉ. वकार अहमद शाह ने उसे निर्दोष बताते हुए मदद शुरू कर दी। बाराबंकी निवासी कद्दावर नेता बेनी प्रसाद वर्मा ने जिला पंचायत सदस्य के परिजनों का साथ दिया। मुलायम सिंह का डॉ. वकार की तरफ ज्यादा झुकाव दिखा तो नाराज होकर बेनी बाबू ने सपा से इस्तीफा देकर दूसरी पार्टी बना ली थी। वरिष्ठ सपा नेता आलम शरहदी बताते हैं कि नेताजी का झुकाव डॉ. वकार अहमद शाह के प्रति हमेशा रहा।