बहराइच । भारत नेपाल सीमा पर एकल सीमा चौकी इंटीग्रेटेड पोस्ट का निर्माण आखिरी दौर में है। इससे भारत व नेपाल के बीच के मैत्री संबंध और मजबूत होंगे। सड़क निर्माण का कार्य पूरा होते ही इस चेकपोस्ट का संचालन शुरू हो जाएगा। व्यापारिक कारोबार को बढ़ावा देने के लिए दो सौ करोड़ की लागत से रूपईडीहा में बन रहे इंटीग्रेटेड चेकपोस्ट का निर्माण कार्य पूरा होने पर कस्टम से लेकर अन्य विभागों की जांच पड़ताल का कार्य एक ही छत के नीचे हो सकेगा।
वर्ष 2017 में भारत नेपाल सरहदी सीमा क्षेत्र की रुपईडीहा सीमा पर इंटीग्रेटेड चेक पोस्ट का निर्माण कार्य शुरू हुआ था। पांच साल के बाद अब इस आधुनिक सुविधा युक्त चेकपोस्ट का निर्माण कार्य अंतिम दौर में पहुंचने लगा है। इस चेकपोस्ट की रोड 60 मीटर चौड़ी है। जो आवागमन को बेहतर व सुविधाजनक बनाएगी। आईसीपी की बाउंड्री को पूरा कर गेट पर ताला भी लगा दिया गया है। इसके साथ ही 55 हेक्टेयर क्षेत्र को चारों ओर से बाउंड्री वॉल बनाकर तार द्वारा इसकी फर्निशिंग भी कर दी गई है। इस पोस्ट का उद्देश्य आयात निर्यात होने वाले ट्रकों में लगने वाले समय को कम करना है। एक ही छत के नीचे सभी संबंधित कार्यालयों के कार्य हो जाने की सुविधा से आयात और निर्यात से जुड़े वाहनों की क्लीयरेंस और जांच का कार्य हो सकेगा। इससे व्यापार में समय की बचत के साथ साथ ही कारोबारियों को भी होने वाली परेशानी से छुटकारा मिलेगा।
इंटीग्रेटेड चेकपोस्ट के अंदर पांच बड़े गोदाम, दो बड़े शेड, कार्यालय भवन, सीमा शुल्क कार्यालय भवन, कर्मचारी आवास , प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र , कैंटीन, घर, बैंक तथा वित्तीय संस्थानों के साथ ही सुरक्षाकर्मियों के लिए भी आवासीय सुविधा मुहैया होगी। इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के पूरा हो जाने के बाद मालवाहक वाहनों को सीमा पार करने में लगने वाले कई कई दिनों की परेशानी से छुटकारा मिल जाएगा। यह मालवाहक ट्रक कुछ घंटों में ही सीमा बार्डर से नेपाल व भारत में आवागमन कर सकेंगे। इससे भारत-नेपाल के व्यापार को काफी हद तक बढ़ावा मिलेगा।
नेपाल सीमा पर स्थित रूपईडीहा के साथ जल्द ही जमुनहा सीमा क्षेत्र मे भी एक हाईटेक इंटीग्रेटेड चेक पोस्ट का निर्माण प्रोजेक्ट प्रस्तावित है। पुणे की राजदीप बिल्डकोन कंपनी जमुनहा में इसके निर्माण का कार्य कराएगी। इसके निर्माण कार्य पर 170 करोड़ का खर्च होने की उम्मीद है। इस चेकपोस्ट में कार्गों बिल्डिंग, क्वॉरेंटाइन, कस्टम, स्कैनर, सुरक्षाकर्मी भवन, कैंटीन आदि की भी सुविधा मुहैया होगी। जमुनहा में बनने वाले इंटीग्रेटेड चेक पोस्ट की सुरक्षा की जिम्मेदारी एपीएफ के हवाले रहेगी। संवाद