जंगल से आए हाथियों के झुंड ने खेत की रखवाली कर रहे किसान को पटककर मार डाला। ग्रामीणों ने हांका लगाकर दौड़ाया तो हाथी जंगल की ओर भाग गए। सूचना पर परिजन रोते-बिलखते घटना स्थल पहुंचे। वन विभाग व पुलिस टीम ने पहुंचकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। वन विभाग ने अंतिम संस्कार के लिए तत्काल 10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी। मृतक के परिजन को पांच लाख का मुआवजा मिलेगा।
कतर्निया रेंज के आंबा गांव निवासी सुरेश कुमार (32) राम दुलारे का एसएसबी कैंप बर्दिया के पास खेेत है। खेत में लगी फसल को बचाने के लिए सुरेश रोजाना की तरह मंगलवार की रात को खेत गया था। बताया जाता है कि वह खेत की रखवाली के दौरान अलाव जलाकर ताप रहा था, तभी जंगल से हाथियों का झुंड निकल आया। रात में धुंध और अलाव की रोशनी के कारण हाथियों के आने की किसान को भनक तक नहीं लग सकी। जब हाथी एकदम पास गया तब किसान की नजर उस पर पड़ी। तब तक हाथियों ने किसान को अपनी सूंड़ में फंसा लिया और उठाकर पटक दिया। जब तक किसान की आवाज सुनकर आसपास के लोग दौड़ते तब तक किसान ने दम तोड़ दिया।
बच्चों के सिर से उठा पिता का साया
मृतक के तीन बच्चे आर्या (8), आस्था (5) व आरुष (01) हैं। पत्नी के सामने अब बच्चों का पालन पोषण करना चुनौती होगा। बच्चों के सिर से पिता का साया उठने के बाद हर कोई सदमेे में है। पिता की याद में बच्चे रोते रहे।
पांच लाख की आर्थिक मदद
आंबा में खेत की रखवाली करने के दौरान हाथी के हमले में किसान की मौत हुई है। मौके पर वन विभाग की टीम को भेजकर 10 हजार रूपये की आर्थिक सहायता राशि सौंपी गई है। आगे परिजनों को पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता राशि दी जाएगी।
- आकाशदीप बधावन, डीएफओ कतर्नियाघाट