बागपत। ईंट भट्ठे अभी शुरू नहीं हुए और मजदूर भी ईंट पथाई के लिए नहीं पहुंचे। मगर मजदूरों ने अग्रिम राशि लेकर अपने घरों में बैठे हुए ही भट्ठा मालिकों के खिलाफ बंधक बनाकर रखने की शिकायत कर दी। जिले में 52 भट्ठा मालिकों से करीब डेढ़ करोड़ रुपये हड़पने के लिए ऐसा किया। श्रम विभाग, तहसील, पुलिस की टीम ने उन भट्ठों पर पहुंचकर जांच की तो इसका खुलासा हुआ।
जिले में 400 से ज्यादा ईंट भट्ठे हैं, जिनको मार्च में चलाया जाएगा। भट्ठा मालिकों ने ईंट पथाई के लिए पहले ही मजदूरों से संपर्क करना शुरू कर दिया और उनको तीन से चार लाख रुपये तक अग्रिम राशि दी। जिससे वह किसी अन्य भट्ठे पर नहीं जा सके। इस तरह करीब 52 भट्ठा मालिकों ने डेढ़ करोड़ रुपये से ज्यादा अग्रिम राशि दी हुई है।
यह राशि हड़पने के लिए मजदूरों ने भट्ठों पर पहुंचे बिना ही शासन में शिकायत कर दी, तो कुछ मजदूरों ने हाईकोर्ट तक में याचिका दायर करा दी। जिसमें कहा कि वह भट्ठों पर ईंट पथाई कर चुके हैं और उनको बंधक बनाकर रखा है। अब यह शिकायत प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों के पास पहुंची तो इसकी जांच के लिए श्रम विभाग, पुलिस व तहसील प्रशासन की टीम बनाकर जांच कराई गई। जिसमें भट्ठों पर जाकर जांच करने पर इसका खुलासा हुआ कि किसी भी भट्ठे पर मजदूर पहुंचे नहीं है। वहां अभी तक ईंट पथाई नहीं की गई। इसके बावजूद बंधक बनाने की शिकायत कर दी। यह जांच रिपोर्ट शासन व हाईकोर्ट में भेजी जाएगी।
डीएम और एसपी से ब्लैकमेल करने वाले मजदूरों पर कार्रवाई की मांग
ईंट निर्माता समिति के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह, महामंत्री नीरज नैन, कोषाध्यक्ष विनोद गोयल, पवन जैन, इंद्रपाल सिंह समेत अन्य भट्ठा मालिक इस मामले में डीएम राजकमल यादव व एसपी नीरज कुमार जादौन से मिले। इस तरह की शिकायत और जांच रिपोर्ट देखकर वह भी चौंक गए। उस जांच रिपोर्ट से साफ हुआ कि मजदूरों के साथ ही कुछ अन्य लोग व कर्मचारी इस पूरे मामले में शामिल है। वह भट्ठा मालिकों से रुपये हड़पने के लिए गिरोह बनाकर ऐसा कर रहे है। इस मामले में भट्ठा मालिकों ने सभी पर कार्रवाई की मांग की।
भट्ठों पर पहुंचे बिना ही मजदूरों ने घर बैठे हुए शासन व हाईकोर्ट में शिकायत भेज दी कि उनको बंधक बनाया हुआ है। इसकी जांच कराई गई तो पता चला कि वह भट्ठों पर अभी तक पहुंचे ही नहीं। इसकी पूरी जांच रिपोर्ट तैयार करके भेजी जा रही है। - विनिता सिंह, सहायक श्रम आयुक्त
भट्ठा मालिक अपनी समस्या को लेकर मिले थे। जिसमें मजदूरों के झूठी शिकायत करने का मामला मुख्य था। भट्ठा मालिकों को कहा गया है कि इस तरह की शिकायत की पहले जांच कराई जाएगी और उसके बाद ही कोई कार्रवाई होगी। केवल शिकायत के आधार पर पुलिस कोई कार्रवाई नहीं करेगी। - नीरज कुमार जादौन, एसपी