बागपत/बड़ौत/खेकड़ा/बिनौली/रमाला/दोघट। दिल्ली में संसद के सामने महापंचायत में शामिल होने जाते भाकयू, आप व रालोद नेताओं को पुलिस ने रोक दिया। जिसको लेकर काफी हंगामा हुआ और नेता कई जगह सडक़ पर धरना देकर बैठ गए। पुलिस ने कई जगह भाकियू नेताओं को घरों में नजरबंद कर दिया। इसके साथ ही दिल्ली व हरियाणा बॉर्डर समेत एक्सप्रेस वे और सार्वजनिक जगहों पर चेकिंग अभियान चलाया गया।
दिल्ली में जंतर मंतर पर सांसद ब्रजभूषण शरण के खिलाफ कार्रवाई के लिए धरने पर बैठे पहलवानों ने रविवार को संसद के बाहर महापंचायत का आह्वान किया था। उस महापंचायत में शामिल होने के लिए जिन भाकियू, आप, रालोद नेताओं ने ऐलान किया था। उन सभी के यहां शनिवार रात ही पुलिस पहुंच गई और उनसे दिल्ली नहीं जाने की अपील करने लगी। इसके बाद भी रविवार सुबह को वह जाने की तैयारी करने लगे तो तब भी पुलिस उनके घर पहुंची।
आप के पश्चिमी उप्र के संयोजक सोमेंद्र ढ़ाका ने पंचायत करके दिल्ली जाने का ऐलान किया था तो उनके यहां भी रविवार सुबह को बागपत कोतवाली पुलिस पहुंची। जहां उनको रोका गया, लेकिन वह अपने साथियों पंकज, नीरज, अमित, अनुज आदि के साथ घर से दिल्ली के लिए रवाना हो गए। जिसके बाद उनको राष्ट्र वंदना चौक पर सीओ विजय चौधरी ने रोक लिया तो वहां हंगामा शुरू हो गया और आप नेता वहां धरना देकर बैठ गए। वहां पंद्रह मिनट धरना देने के बाद वह किसी तरह छुपकर गाजीपुर बॉर्डर पर पहुंचे।
उनके अलावा भाकियू के जिलाध्यक्ष प्रताप गुर्जर भी दिल्ली जाने की तैयारी कर रहे थे तो रविवार सुबह ही कोतवाली पुलिस ने उनको घर में नजरबंद कर लिया। उनको पुलिस ने घर से नहीं निकलने दिया। इनके अलावा रालोद की महिला प्रकोष्ठ की जिलाध्यक्ष रेनू तोमर समेत कई खाप नेताओं को बड़ौत में औद्योगिक चौकी पर रोका गया, जहां उनकी पुलिस से नोकझोंक भी हुई। वह किसी तरह छुपकर दिल्ली की तरफ पहुंचे तो उनको खेकड़ा भी रोक लिया गया और वहां काफी देर तक धरने पर बैठे रहे।
दादरी गांव में भाकियू कार्यकर्ताओं को रोककर नजरबंद किया
दादरी गांव में शिवनारायण, वीरेंद्र प्रधान, कमल, गगन धामा, रामनरेश, गौरव, राजपाल, राकेश आदि भाकियू कार्यकर्ताओं ने दिल्ली जाने की तैयारी की तो पुलिस ने उनको रोक लिया। पुलिस ने उनको घरों में नजरबंद कर लिया। जिसके बाद कार्यकर्ताओं ने इंस्पेक्टर एनएस सिरोही को डीएम के नाम ज्ञापन देकर सांसद ब्रजभूषण शरण की गिरफ्तारी की मांग की है। इसके उपरांत इंस्पेक्टर ने पुलिसकर्मियों के साथ बरनावा पुलिस चौकी पर चेकिंग अभियान भी चलाया।
कासिमपुर खेड़ी में नजरबंद किए भाकियू नेता
दिल्ली जाने के लिए कासिमपुर खेड़ी से भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेंद्र प्रधान समेत अन्य कार्यकर्ता घर से निकले तो उनको रमाला थाना प्रभारी ओपी सिंह ने रोक लिया और उनको घर में नजरबंद कर दिया गया। पुलिस ने उनसे कहा कि वह महापंचायत के लिए नहीं जा सकते है। इसके अलावा पुलिस ने वाहनों को रोककर चेकिंग की।
बॉर्डर व एक्सप्रेस वे समेत चौराहों पर चेकिंग अभियान चलाया
दिल्ली में महापंचायत के ऐलान के बाद लोगों को वहां जाने से रोकने के लिए पुलिस रविवार को एलर्ट रही। पुलिस ने हरियाणा बॉर्डर, दिल्ली रोड, एक्सप्रेस वे, मुख्य चौराहों, रेलवे स्टेशनों पर चेकिंग अभियान चलाया। बागपत में हरियाणा बॉर्ड की निवाड़ा चौकी और राष्ट्र वंदना चौक पर वाहनों की चेकिंग की गई। इसके अलावा ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे पर चेकिंग की गई। बड़ौत में पुलिस ने बावली चुंगी, पुराने दिल्ली बस स्टैंड के अलावा औद्योगिक पुलिस चौकी पर चेंकिग की। खेकड़ा में पाठशाला चौकी और डूंडाहेडा चौकी पर एसडीएम ज्योति शर्मा, सीओ प्रीता सिंह ने पुलिस बल के साथ वाहनों की चेकिंग का अभियान चलाया। थाना पुलिस खेकड़ा रेलवे स्टेशन पर भी अलर्ट रही। पुलिस कर्मियों ने दिल्ली जाने वाली ट्रेनों में सवार यात्रियों से भी पूछताछ की। दोघट में भड़ल पुलिस चौकी पर पुलिस ने दिल्ली की तरफ जाने वाले वाहनों को रोक कर चेकिंग की गई। वहां वाहनों में सवार लोगों की वीडियोग्राफी कराई गई। वहीं चौगामा क्षेत्र से कुछ भाकियू कार्यकर्ताओ ने दिल्ली की तरफ कूच किया।